नवरात्रि विशेष: अष्टमी और नवमी में दो घड़ी में बदलेगी किस्मत!

शारदीय दुर्गोत्सव का एक प्रमुख अनुष्ठान है संधि पूजा। यह पूजा विशेष रूप से अष्टमी और नवमी तिथियों के बीच के संधिकाल में की जाती है। संधि पूजा का समय कुल 48 मिनट का होता है, जो अष्टमी तिथि के अंतिम 24 मिनट और नवमी तिथि के पहले 24 मिनट मिलाकर बनता है। इसे धार्मिक … Continue reading नवरात्रि विशेष: अष्टमी और नवमी में दो घड़ी में बदलेगी किस्मत!