पश्चिम बंगाल में हार के बाद करीब 20 सांसदों के बागी होने की चर्चाएं हैं। इस पर मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने कहा, “पश्चिम बंगाल में ‘मां-माटी-मानुष के नाम पर टीएमसी के 29 सांसद जीतकर आए थे। उनमें से एक का निधन हो चुका है तो 28 सांसद बचे हैं।”
बागी 20 सांसदों पर भड़कते हुए कीर्ति आजाद ने कहा, “मैं ‘गद्दारों’ से जानना चाहता हूं कि अगर तकलीफ हो रही थी तो तुमने चुनाव के बाद यह परेशानी क्यों जाहिर की। आपको यह परेशानी चुनावों के पहले जाहिर करनी चाहिए थी।
उन्होंने कहा, “अगर वे (भाजपा) इन लोगों (सांसदों) को ले भी लेंगे तो एनडीए पार्टी नहीं, बल्कि संगठन है। पहले यह स्पष्ट नहीं है कि आपके साथ कितने सांसद हैं। संख्या दो-तिहाई हुई है या नहीं। अगर आपके झूठ को सच भी मान लूं कि आपके पास 20-22 सांसद हैं, तो आपको भाजपा में विलय करना ही होगा।”
कीर्ति आजाद ने कहा, “अगर आपका यही इरादा है, तो इसे खुलकर कहें, बजाय इसके कि उन कार्यकर्ताओं के साथ धोखा करें जिन्होंने पार्टी को खड़ा किया है। जब उन कार्यकर्ताओं को भाजपा के कार्यकर्ता मारेंगे तो क्या आप (बागी सांसद) उनका समर्थन करेंगे।”
टीएमसी सांसद ने कहा, “ऐसे नेताओं को शर्म करनी चाहिए। जिस थाली में खाया, उसमें ही खेद कर रहे हैं।”



