प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 21 से 23 नवंबर तक दक्षिण अफ्रीका के जोहांसबर्ग की यात्रा करेंगे, जहां वे 20वें G20 लीडर्स’ समिट में हिस्सा लेंगे। दक्षिण अफ्रीका की अध्यक्षता में आयोजित यह शिखर सम्मेलन पहली बार अफ्रीकी महाद्वीप पर हो रहा है। G20 समिट की इस वर्ष का थीम ‘एकजुटता, समानता, स्थिरता’ है। यह लगातार चौथा मौका है जब G20 शिखर सम्मेलन ग्लोबल साउथ के किसी देश में हो रहा है—इंडोनेशिया (2022), भारत (2023), ब्राज़ील (2024) और अब दक्षिण अफ्रीका।
प्रधानमंत्री मोदी सम्मेलन के सभी तीन प्लेनरी सेशंस में वक्तव्य देंगे, जिनमें वैश्विक अर्थव्यवस्था और विकास से लेकर जलवायु परिवर्तन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तक कई अहम मुद्दे शामिल हैं। समावेशी और सतत आर्थिक विकास के सत्र में वैश्विक व्यापार, विकास वित्तपोषण, ऋण संकट और ‘लीविंग नो वन बिहाइंड’ एजेंडा पर चर्चा होगी। आपदा जोखिम प्रबंधन, जलवायु परिवर्तन, ऊर्जा संक्रमण और खाद्य सुरक्षा पर विचार होगा। साथ ही क्रिटिकल मिनरल्स, सम्मानजनक रोजगार और एआई गवर्नेंस के मुद्दों पर फोकस किया जाएगा।
सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री कई विश्व नेताओं से द्विपक्षीय मुलाक़ातें भी करेंगे। इसके अलावा वे IBSA (India-Brazil-South Africa) नेताओं की बैठक में भी हिस्सा लेंगे।
भारत ने 2023 की अपनी G20 अध्यक्षता के दौरान अफ्रीकन यूनियन को G20 की स्थायी सदस्यता दिलाकर ग्लोबल साउथ की आवाज़ को और मजबूत किया था। दक्षिण अफ्रीका में होने वाला यह शिखर सम्मेलन भारत की विदेश नीति में अफ्रीका की बढ़ती प्राथमिकता को भी रेखांकित करता है।
शिखर सम्मेलन से पहले कुछ प्रमुख देशों की अनुपस्थिति सुर्खियों में है। अमेरिका ने दक्षिण अफ्रीका की नीतियों को लेकर पूर्ण बहिष्कार की घोषणा की है। पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसे “पूरी तरह शर्मनाक” कहा। अर्जेंटीना भी शिखर सम्मेलन में भाग नहीं लेगा। चीन, मेक्सिको और रूस ने अपने राष्ट्राध्यक्षों के बजाय प्रतिनिधि भेजने का निर्णय लिया है।
दक्षिण अफ्रीकी सरकार ने कहा है कि इन अनुपस्थितियों के बावजूद सम्मेलन में अधिकांश G20 सदस्य और आमंत्रित देश शामिल रहेंगे और आयोजन योजनानुसार आगे बढ़ेगा। सरकार का कहना है कि G20 विफल करने के लिए बहुत बड़ा है और वैश्विक नीतिगत सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा भारत के वैश्विक नेतृत्व और ग्लोबल साउथ की प्राथमिकताओं को मंच देने का एक महत्वपूर्ण अवसर मानी जा रही है।
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