उत्तर प्रदेश के बरेली में 26 सितंबर को हुए ‘आई लव मोहम्मद’ पोस्टर विवाद के दौरान फैली हिंसा का नया सच अब ड्रोन वीडियो के जरिए सामने आया है। पुलिस द्वारा जारी तीन अलग-अलग वीडियो में देखा जा सकता है कि किस तरह प्रदर्शनकारी पुलिस से उलझते हैं और हालात बिगड़ने पर लाठीचार्ज के बाद गलियों में भाग खड़े होते हैं।
ड्रोन से ली गई इन तस्वीरों में शुरुआत में भीड़ पुलिस पर हावी होती दिखती है। पुलिस प्रदर्शनकारियों को समझाने और रोकने की कोशिश करती रही, मगर वे पीछे हटने को तैयार नहीं हुए। वीडियो में कुछ मुस्लिम समुदाय के लोग भीड़ को शांत कराने का प्रयास करते दिखाई देते हैं, लेकिन प्रदर्शनकारियों का जोश कम नहीं हुआ और वे लगातार आगे बढ़ने की कोशिश करते रहे।
स्थिति जब हाथ से निकलने लगी तो पुलिस ने बल प्रयोग किया। वीडियो में साफ दिखता है कि जैसे ही पुलिस ने लाठीचार्ज किया, भीड़ इधर-उधर भागने लगी। कई लोग पास की मस्जिद में घुस गए, तो कुछ मस्जिद की छत पर जाकर खड़े हो गए। ड्रोन कैमरे में गलियों में दौड़ते और भागते लोगों की तसवीरें साफ नजर आ रही हैं।
FIRST DRONE VISUALS OF THE VIOLENT SEPTEMBER 26 "I LOVE MOHAMMAD CAMPAIGN" IN BAREILLY. More than 2,000 gathered after Friday prayers outside a mosque despite authorities denying permission. Stones were thrown at police officers who tried to disperse the mob. pic.twitter.com/ONQhZ8LDxt
— Rahul Shivshankar (@RShivshankar) October 1, 2025
गौरतलब है कि मौलाना तौकीर रजा ने शुक्रवार को ‘आई लव मोहम्मद’ पोस्टर मामले में प्रदर्शन का ऐलान किया था। पुलिस से अनुमति न मिलने के बावजूद जुमे की नमाज के बाद बड़ी संख्या में लोग जमा हुए और पोस्टर लेकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसी दौरान पथराव की घटनाएं भी हुईं, जिसके बाद माहौल और बिगड़ गया।
अब तक इस मामले में बरेली पुलिस 10 एफआईआर दर्ज कर चुकी है। तौकीर रजा समेत कई लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। वहीं बुधवार को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद दो और आरोपियों को पकड़ा। इनके पास से अवैध हथियार बरामद किए गए। बरेली के एसएसपी अनुराग आर्य ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए कहा कि स्थिति अब नियंत्रण में है।
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