यह हठयोग की एक प्राचीन और शक्तिशाली साधना है, जिसमें किसी एक निश्चित बिंदु, वस्तु, दीपक की लौ, मूर्ति या प्रतीक पर बिना पलक झपकाए लगातार टकटकी लगाकर देखा जाता है।
भारत सरकार के आयुष मंत्रालय के अनुसार, त्राटक क्रिया एक महत्वपूर्ण योगिक अभ्यास है, जो मानसिक स्पष्टता और नेत्र स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभकारी है। त्राटक के नियमित अभ्यास से आंखों की रोशनी में सुधार होता है, नींद अच्छी आती है और मन शांत होने लगता है।
त्राटक एक प्राचीन शुद्धिकरण क्रिया है, जिसे करने के लिए व्यक्ति को बिना पलक झपकाए किसी एक बिंदु, दीपक की लौ या वस्तु को एकाग्रता से बैठकर देखना होता है। यह केवल आंखों का व्यायाम नहीं है, बल्कि यह मन को एकाग्र करने, मानसिक ऊर्जा को जागृत करने और आंतरिक शांति प्राप्त करने का एक अद्भुत मार्ग है।
त्राटक अनिद्रा, तनाव और अनावश्यक विचारों की भीड़ को कम करने में बहुत प्रभावी है। दरअसल, रात में सोते समय हमारे दिमाग में दिनभर की बातें लौटती हैं, जिस वजह से नींद की गुणवत्ता कम होती है।
चश्मा लगाकर या रात के समय सूर्य त्राटक जैसी तीव्र क्रियाएं बिना किसी योग्य गुरु के मार्गदर्शन के न करें। आंखों में ज्यादा जलन या गंभीर समस्या होने पर अभ्यास तुरंत रोक दें।
