आईएएनएस से बात करते हुए अद्रिजा रॉय ने कहा, “इस बार का जन्मदिन मेरे लिए सिर्फ सेलिब्रेशन नहीं, बल्कि एक सुकून भरा अनुभव होगा। मैं और मेरे मंगेतर दोनों ही कामों में काफी व्यस्त रहते है, ऐसे में एक-दूसरे के साथ समय बिताना अपने आप में एक तोहफे जैसा है। मैं इस खास मौके पर कोई बड़ी पार्टी नहीं, बल्कि शांत माहौल में हर पल को महसूस करना चाहती हूं।”
उन्होंने बताया, ”मुझे बड़े और शोर-शराबे वाले जन्मदिन समारोहों से ज्यादा अपने करीबियों के साथ छोटे और सादे पल पसंद हैं। मेरे लिए एक अच्छा डिनर, परिवार और दोस्तों की मौजूदगी और ढेर सारी हंसी ही किसी भी दिन को खास बना देती है। मेरा मानना है कि जिंदगी के सबसे यादगार पल वही होते हैं जो बिना किसी दिखावे के, सादगी में बिताए जाते हैं।”
अद्रिजा ने बताया, ”मेरा दिन हमेशा एक आध्यात्मिक शुरुआत के साथ होता है। मैं सुबह सबसे पहले देवी दुर्गा को याद करती हैं और अपने और अपने परिवार के लिए अच्छे स्वास्थ्य और खुशी की प्रार्थना करती हूं। इसके बाद मैं अपने माता-पिता का आशीर्वाद लेती हूं।”
जब आईएएनएस ने उनसे उनके जीवन के सबसे बड़े तोहफे के बारे में पूछा, तो उन्होंने कहा, ”मेरे लिए जीवन खुद सबसे बड़ा उपहार है। अच्छे स्वास्थ्य के साथ अपने परिवार का साथ और हर दिन नई उम्मीद के साथ जागना ही असली खुशी है। मैं खुद को बेहद भाग्यशाली मानती हूं कि मुझे प्यार करने वाले लोग और एक संतुलित जीवन मिला है।”
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