सर्दियों में तिल खाने के 5 बेहतरीन तरीके, जो शरीर को अंदर से रखेंगे गर्म और मजबूत!

तिल सिर्फ स्वाद में अच्छा नहीं होता, बल्कि इसमें कैल्शियम, आयरन और ओमेगा-3 फैटी एसिड भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं| 

सर्दियों में तिल खाने के 5 बेहतरीन तरीके, जो शरीर को अंदर से रखेंगे गर्म और मजबूत!

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सर्दियों का मौसम आते ही हर कोई अपने शरीर को अंदर से गर्म और मजबूत रखने के तरीके ढूंढने लगता है। ऐसे में तिल का सेवन बहुत फायदेमंद साबित होता है। तिल सिर्फ स्वाद में अच्छा नहीं होता, बल्कि इसमें कैल्शियम, आयरन और ओमेगा-3 फैटी एसिड भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं, जो हड्डियों, जोड़ों और त्वचा के लिए एक तरह का सुरक्षा कवच का काम करते हैं।

अगर आप चाहते हैं कि सर्दियों में आपका शरीर स्वस्थ और एनर्जी से भरा रहे, तो तिल की ये पांच रेसिपीज ट्राई करें।

सबसे पहले बात करते हैं तिल-गुड़ के लड्डू की। यह सर्दियों का क्लासिक कॉम्बिनेशन है। भुने हुए तिल को गुड़ की चाशनी और इलायची पाउडर के साथ मिलाकर लड्डू बनाएं। अगर आप इसमें थोड़ा सा कसा हुआ नारियल और सूखी सोंठ डाल दें, तो यह जोड़ों के दर्द और सर्दी से राहत देने में और भी मददगार हो जाता है।

दूसरा तरीका है तिल और अलसी का मुखवास। बराबर मात्रा में तिल और अलसी को हल्का भूनकर काला नमक और नींबू का रस डालें। इसे भोजन के बाद 1 चम्मच खाएं और खूब चबाएं। यह पाचन को तेज करने के साथ-साथ कैल्शियम का अवशोषण भी बढ़ाता है।

तीसरा तरीका है तिल का दूध। डेयरी से एलर्जी वाले लोग या जिन्हें अधिक कैल्शियम चाहिए, उन्हें यह बहुत पसंद आएगा। रात भर भिगोए हुए तिल को सुबह पानी और खजूर के साथ ब्लेंड करें और छान लें। हल्का गुनगुना करके पीएं, इससे विटामिन्स आसानी से शरीर में पहुंचते हैं।

चौथा तरीका है तिल की क्रीमी चटनी। भुने तिल, लहसुन, हरी मिर्च, अदरक और थोड़ा दही या नींबू मिलाकर पीस लें। ऊपर से कच्चा सरसों का तेल डालें। यह ब्लड सर्कुलेशन सुधारने और कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद करता है।

पांचवां तरीका है तिल और मूंगफली की चिक्की। मूंगफली और तिल को गुड़ के साथ मिलाकर चिक्की बनाएं। साथ में गुनगुना पानी पीने से पोषण फेफड़ों तक भी जाता है और सर्दियों की खांसी-ठंड में राहत मिलती है।

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