नेपाल में हिंसक प्रदर्शनों के बीच भारतीय नागरिकों के लिए विदेश मंत्रालय की एडवाइजरी!

ओली के निजी आवास को आग के हवाले करने से स्थिति और तनावपूर्ण हो गई है।

नेपाल में हिंसक प्रदर्शनों के बीच भारतीय नागरिकों के लिए विदेश मंत्रालय की एडवाइजरी!

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नेपाल इन दिनों गंभीर राजनीतिक और सामाजिक संकट से गुजर रहा है। प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली के इस्तीफे के बाद हालात और बिगड़ गए हैं। लगातार हिंसक प्रदर्शनों और आगजनी की घटनाओं के बीच भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) ने अपने नागरिकों को सख्त सुरक्षा परामर्श जारी किया है।

भारतीय नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह

विदेश मंत्रालय ने भारतीय नागरिकों से अपील की है कि वे नेपाल की यात्रा स्थगित करें और स्थिति सामान्य होने तक वहां जाने से बचें। जो लोग पहले से नेपाल में मौजूद हैं, उन्हें अपने वर्तमान निवास स्थान पर ही सुरक्षित रहने और सड़कों पर निकलने से परहेज करने को कहा गया है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि सभी भारतीय नागरिक स्थानीय प्रशासन और काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास के सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।

जारी बयान में कहा गया है, “भारतीय नागरिक अपने मौजूदा निवास स्थान पर ही शरण लें, बाहर निकलने से बचें और पूरी सतर्कता बरतें। साथ ही नेपाल प्रशासन और भारतीय दूतावास के सुरक्षा दिशानिर्देशों का पालन करें।”

आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर

विदेश मंत्रालय ने काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास के आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर भी साझा किए हैं। भारतीय नागरिक ज़रूरत पड़ने पर इन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं:

नेपाल में राजनीतिक उथल-पुथल

प्रधानमंत्री ओली का इस्तीफा ‘जनरेशन जेड’ आंदोलन की अगुवाई में बड़े पैमाने पर प्रदर्शनकारियों ने उनके कार्यालय पर धावा बोला और विरोधी नारे लगाए तब आए। राष्ट्रपति राम चंद्र पौडेल ने उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया है।

ओली के निजी आवास को आग के हवाले करने से स्थिति और तनावपूर्ण हो गई है। सोमवार को हुई हिंसा में कई लोगों की मौत की घटनाओं ने गुस्से को और भड़का दिया। इसके बाद सेना को भी हालात काबू में लाने के लिए तैनात करना पड़ा।

जनता की प्रतिक्रिया

प्रधानमंत्री के इस्तीफे के बाद कई प्रदर्शनकारियों ने खुशी जताई। समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए एक प्रदर्शनकारी ने कहा, “यह हमारे देश के लिए बहुत अच्छा है कि नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने इस्तीफा दे दिया। अब युवा आगे आएंगे और देश के विकास में योगदान देंगे।”

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