दिल्ली हाईकोर्ट ने डिफेंस कॉलोनी बस्ती बावली मस्जिद अतिक्रमण याचिका निपटाई

याचिकाकर्ता का कहना था कि यह भूमि दिल्ली के डिफेंस कॉलोनी क्षेत्र में दो शैक्षणिक संस्थानों के बीच स्थित है। 

दिल्ली हाईकोर्ट ने डिफेंस कॉलोनी बस्ती बावली मस्जिद अतिक्रमण याचिका निपटाई

The ban on the ex-account of 'Cockroach Janata Party' remains in place!

दिल्ली हाई कोर्ट ने डिफेंस कॉलोनी की बस्ती बावली मस्जिद और उसके आसपास अतिक्रमण हटाने की मांग वाली एक याचिका का निपटारा कर दिया है। यह याचिका गैर-सरकारी संगठन सेव इंडिया फाउंडेशन ने दायर की थी।
दिल्ली हाई कोर्ट ने फिलहाल याचिका पर कोई सीधा आदेश जारी करने से इनकार कर दिया। लेकिन, संबंधित प्राधिकारियों को शिकायत पर कानून के अनुसार उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।

याचिकाकर्ता के वकील ने अदालत को बताया कि स्पेशल टास्क फोर्स सहित कई उच्च अधिकारियों को 25 नवंबर 2025 को औपचारिक शिकायत दी गई थी, मगर अब तक अतिक्रमण हटाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

याचिका में मांग की गई थी कि एसटीएफ को इस शिकायत पर तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए जाएं। याचिकाकर्ता का कहना था कि यह भूमि दिल्ली के डिफेंस कॉलोनी क्षेत्र में दो शैक्षणिक संस्थानों के बीच स्थित है।

एक तरफ सरकारी उच्च माध्यमिक विद्यालय है और दूसरी तरफ शारदा पब्लिक स्कूल। इस जगह पर अवैध कब्जे की वजह से आम लोग और छात्रों को मूल लेआउट प्लान में निर्धारित खुले स्थान, खेल के मैदान या भविष्य में बनने वाले शैक्षणिक ढांचे का लाभ नहीं मिल पा रहा है।

कोर्ट ने याचिका का निपटारा करते हुए प्राधिकारियों से कहा कि वे शिकायत की जांच करें और कानून के तहत जरूरी कदम उठाएं। हालांकि, अदालत ने अतिक्रमण हटाने का कोई तत्काल आदेश नहीं दिया है, जिससे याचिकाकर्ता को राहत नहीं मिली। सेव इंडिया फाउंडेशन ने इस मामले को सार्वजनिक हित में उठाया था, ताकि सरकारी भूमि पर अतिक्रमण से लोगों को होने वाली परेशानी दूर हो सके।

इस फैसले के बाद अब संबंधित विभागों पर कार्रवाई की जिम्मेदारी आ गई है। संबंधित विभाग सर्वे कराकर या अन्य कानूनी प्रक्रिया अपनाकर स्थिति स्पष्ट करेंगे।

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