छत्तीसगढ़ केंद्र की वीबी जीरामजी से खुश धमतरी मजदूरों ने सरकार का जताया आभार

केंद्र सरकार के इस कदम से छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में मजदूर वर्ग के बीच काफी उत्साह देखने को मिल रहा है।

छत्तीसगढ़ केंद्र की वीबी जीरामजी से खुश धमतरी मजदूरों ने सरकार का जताया आभार

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केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने मनरेगा योजना में अहम बदलाव किए हैं। जहां इस योजना का नाम बदलकर अब विकसित भारत-गारंटी रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण), जिसे ‘वीबी जीरामजी’ किया गया है, वहीं अब ग्रामीण इलाकों में लोगों को 100 दिन के बजाय अब 125 दिन का रोजगार मिलेगा। केंद्र सरकार के इस कदम से छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में मजदूर वर्ग के बीच काफी उत्साह देखने को मिल रहा है।

मजदूरों का कहना है कि केंद्र सरकार की इस पहल से उन्हें काफी फायदा होगा। गांव में ही उनको अब 125 दिनों तक रोजगार मिलेगा। साथ ही सात दिवस में भुगतान की गारंटी सुनिश्चित की गई है, जिससे उनके जीवन स्तर में काफी बदलाव आएगा। प्रदेश सरकार ने भी इसे मंजूरी दी है।

मनरेगा मजदूर विनीता ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा, “केंद्र सरकार का नया कानून बहुत अच्छा है। पहले जहां 100 दिन का काम मिलता था, वह अब 125 दिन किया गया है, जिससे उनकी आय बढ़ेगी। इसके लिए केंद्र सरकार का धन्यवाद करती हैं।”

डालू साहू ने कहा कि हम केंद्र सरकार के नए कानून से बहुत खुश हैं, क्योंकि इससे आय बढ़ी है और काम की गारंटी मिली है।

मजदूर संघ के अध्यक्ष नंद यादव ने कहा कि ‘वीबी जीरामजी’ कानून मजदूरों के हित में है। पिछले कानून की तुलना में नया कानून काफी बेहतर है। मजदूरों के लिए 100 दिन के बजाय 125 दिन के रोजगार की गारंटी दी गई है।

इस योजना के तहत मजदूरों को साप्ताहिक या अधिकतम 15 दिवस में मजदूरी का भुगतान किया जाएगा, जो सीधे मजदूरों को ऑनलाइन माध्यम से खाते में मिलेगा। इस तरह की योजना से मजदूरों की आय में वृद्धि होगी और परिवार मजबूत होगा।

कानूनी सलाहकार आरपी साहू ने बताया कि सरकार की नई योजना मजदूरों के लिए विशेष लाभकारी है। इस योजना के लिए मैं सरकार का आभार व्यक्त करता हूं।

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