भाजपा के मीडिया प्रभारी दानिश इकबाल ने कहा कि पटना के पाटलिपुत्र थाना केस नंबर 94/2020 में उनकी भूमिका किसी पेशेवर अपराधी जैसी दिख रही है। उन्होंने कहा कि ‘बिहार की बात’ के नाम पर जनता को गुमराह करने वाले प्रशांत किशोर खुद कानून के कठघरे में हैं। उन्होंने नसीहत देते हुए कहा, “नैतिकता की ठेकेदारी छोड़िए, बिहार की जनता अब इन नकाबपोश नेताओं को पहचान चुकी है। ये नेता नहीं, ‘राजनीति के चोर’ हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि प्रशांत किशोर सही अर्थों में राजनीति को ही व्यापार समझते हैं, जबकि राजनीति का मुख्य उद्देश्य सेवा करना है। बिहार के लोग ऐसे लोगों द्वारा कई बार छले गए हैं। बिहार आज विकास के पथ पर अग्रसर है और यहां की जनता अब कोई भूल नहीं करना चाहती।
दरअसल, प्रशांत किशोर इन दिनों बिहार बदलाव यात्रा के क्रम में प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में पहुंच रहे हैं। इस दौरान वे भाजपा और राजद सहित विभिन्न दलों के नेताओं पर सीधा हमला बोल रहे हैं और कई तरह के वादे भी कर रहे हैं। जन सुराज पहले ही इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव में अकेले लड़ने की घोषणा कर चुका है।



