सत्य निकेतन बिल्डिंग हादसे पर टीआर श्रीनिवास ने कहा कि घटना ने हर परिवार और अभिभावक को झकझोर दिया है। जिन परिवारों के बच्चे इस घटना से प्रभावित हुए हैं, उनके दर्द को समझना बेहद मुश्किल है। मुझे भी इस घटना से गहरा दुख हुआ है। राहुल गांधी की ओर से हादसे में जवाबदेही तय करने की मांग का जिक्र करते हुए श्रीनिवास ने ‘दीपक तले अंधेरा’ कहावत का इस्तेमाल किया।
भाजपा नेता ने दावा किया कि हैदराबाद में ऐसे कई भवन मौजूद हैं, जिन्हें लेकर सुरक्षा संबंधी सवाल हैं। उन्होंने राहुल गांधी और कांग्रेस से पूछा कि यदि वे जवाबदेही की बात कर रहे हैं तो तेलंगाना में भी ऐसी घटनाओं और कथित अनियमितताओं की जिम्मेदारी तय करने की पहल क्यों नहीं होती।
एलपीजी गैस की बुकिंग अवधि कम होने को लेकर श्रीनिवास ने केंद्र सरकार की तारीफ की। उन्होंने दावा किया कि गैस बुकिंग की अवधि 45 दिन से घटकर 25 दिन तक आ गई है। उन्होंने इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व को देते हुए कहा कि आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने और घरेलू उत्पादन बढ़ाने के प्रयासों से आम लोगों को राहत मिल रही है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और समुद्री मार्गों में जारी चुनौतियों का जिक्र करते हुए कहा कि इसके बावजूद घरेलू स्तर पर आपूर्ति बनाए रखना सरकार की दूरदर्शिता को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी देश के 140 करोड़ लोगों को अपना परिवार मानकर काम कर रहे हैं और सरकार यह सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है कि आम नागरिक को आवश्यक वस्तुओं की कमी का सामना न करना पड़े।
तेलंगाना में 22ए के तहत जमीनों को प्रतिबंधित सूची में शामिल किए जाने के मुद्दे पर भाजपा नेता ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने तेलंगाना हाईकोर्ट और मुख्य न्यायाधीश से मामले का स्वत: संज्ञान लेने और इसकी न्यायिक जांच कराने की मांग की।
श्रीनिवास ने बीआरएस विधायकों और राज्य सरकार के रवैये पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल और कार्रवाई लोकतांत्रिक तथा न्यायिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं है। उन्होंने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष रामचंद्र राव की गिरफ्तारी और पार्टी कार्यकर्ताओं पर कथित कार्रवाई का उल्लेख करते हुए राज्य सरकार पर निशाना साधा।
