चुनाव में गड़बड़ी होने पर चंपारण आंदोलन जैसी शुरुआत: भाई जगताप! 

उन्होंने कहा कि चुनाव खत्म होने के बाद सारी मशीन बंद हो जाती है। इसके बाद पुलिसवाले ईवीएम की मशीन लाते हैं और फिर उनको भगा दिया जाता है।

चुनाव में गड़बड़ी होने पर चंपारण आंदोलन जैसी शुरुआत: भाई जगताप! 

If there is any rigging in the elections, it will be like the Champaran movement-Bhai Jagtap!

महाराष्ट्र कांग्रेस के नेता और मुंबई के पूर्व अध्यक्ष भाई जगताप ने बिहार चुनाव को लेकर आए एग्जिट पोल, एसआईआर और वोट चोरी जैसे मुद्दों पर प्रतिक्रिया दी। भाई जगताप ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए एग्जिट पोल पर कहा कि जिस तरह से ईवीएम और पूरा अमला लगता है, तो फिर जिस तरह से नतीजे आते हैं, उसके कोई मायने नहीं हैं।
ये बहुत ज्यादा लंबा नहीं चलेगा, क्योंकि देश की जनता जान चुकी है कि वह ठगे जा रहे हैं। सबसे बड़ा जख्म यह चुनाव आयोग उनको यह दे रहा है कि संविधान के तहत लोगों का मिला वोट का अधिकार भी उनसे छीना जा रहा है। वोट की चोरी हो रही है।

उन्होंने कहा कि चुनाव खत्म होने के बाद सारी मशीन बंद हो जाती है। इसके बाद पुलिसवाले ईवीएम की मशीन लाते हैं और फिर उनको भगा दिया जाता है। बिहार की जनता गरीब जरूर है, लेकिन वह जानती है कि उनके साथ क्या हो रहा है। लोगों ने सरकारों के मंत्री और विधायकों को दौड़ाया है। वोट चोरी को बिहार की जनता बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगी। भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है।

राजद नेता के चुनाव में गड़बड़ी होने पर नेपाल जैसे हालात बनने के बयान पर उन्होंने कहा कि ऐसा होना तो नहीं चाहिए, लेकिन ऐसा हो रहा है। उन्होंने कहा कि लेह, लद्दाख, और असम में यह सब हो रहा है। मणिपुर में भी ऐसा ही हो रहा है। देश आज अशांत है।

अगर चुनाव में कुछ गड़बड़ी हुई तो बिहार से एक बार फिर चंपारण आंदोलन जैसी शुरुआत होगी और सरकार को जवाब देना पड़ेगा। लोगों का सब्र का बांध टूट चुका है। लोगों को वोट नहीं डालने दिया जा रहा है।

कांग्रेस नेता ने कहा कि आजादी के 77 साल बाद भी अगर देश की जनता को ये दिन देखना पड़ता है तो वो सड़क पर उतरेगी। सरकार को जनता का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि सरकार चुनाव आयोग का इस्तेमाल कर रही है। उन्होंने कहा कि भारत जैसा लोकतंत्र बिखरता है तो ट्रैक में आने पर कई साल लगेंगे।

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