बनारस-खजुराहो वंदे भारत एक्सप्रेस वाराणसी, प्रयागराज और चित्रकूट जैसे धार्मिक व सांस्कृतिक स्थलों को जोड़ेगी। लखनऊ-सहारनपुर वंदे भारत ट्रेन लगभग 7 घंटे 45 मिनट में यात्रा पूरी करेगी, जिससे सीतापुर, शाहजहांपुर, बरेली, मुरादाबाद, बिजनौर और सहारनपुर के यात्रियों को सुविधा मिलेगी।
फिरोजपुर-दिल्ली वंदे भारत इस मार्ग की सबसे तेज ट्रेन होगी, जो मात्र 6 घंटे 40 मिनट में यात्रा पूरी करेगी। यह पंजाब के बठिंडा और पटियाला को दिल्ली से जोड़ते हुए व्यापार, पर्यटन और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा देगी। वहीं, दक्षिण भारत में एर्नाकुलम-बंगलूरू वंदे भारत यात्रा का समय दो घंटे से अधिक घटाएगी, जिससे यात्री केवल 8 घंटे 40 मिनट में सफर पूरा कर सकेंगे।
प्रधानमंत्री मोदी के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, रेलवे बोर्ड के चेयरमैन सतीश कुमार और प्रभारी मंत्री सुरेश खन्ना उपस्थित रहेंगे।
शुक्रवार देर शाम प्रधानमंत्री की फ्लीट के वाराणसी पहुंचने पर सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई। एयरपोर्ट से लेकर बरेका गेस्ट हाउस तक सघन जांच की गई। गेस्ट हाउस के बाहर आम लोगों का प्रवेश प्रतिबंधित कर दिया गया है।
एसपीजी और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों ने बनारस स्टेशन के द्वितीय प्रवेश द्वार को अपने नियंत्रण में ले लिया है। शनिवार सुबह 8 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कड़ी सुरक्षा के बीच पूर्वोत्तर रेलवे के बनारस स्टेशन से पहली वंदे भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर खजुराहो के लिए रवाना करेंगे। स्टेशन पर केवल टिकट धारक अतिथियों और यात्रियों को ही प्रवेश की अनुमति दी गई है।
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