उन्होंने कहा कि आज पूरा विश्व ग्लोबल साउथ की चर्चा करता है और भारत ग्लोबल साउथ की बुलंद आवाज बन गया है। आज हमारे युवाओं के लिए पूरा विश्व बाजार खुल चुका है। अब उनके लिए अवसर ही अवसर हैं।
उन्होंने कहा कि 2014 से पहले, फोन बैंकिंग का प्रचलन था, जिसमें राजनेता ऋण वितरण को प्रभावित करने के लिए फोन करते थे। परिणामस्वरूप, ऋण अक्सर उचित मूल्यांकन के बजाय इन फोन कॉलों के आधार पर ही दिए जाते थे। गरीबों को अक्सर ऋण से वंचित रखा जाता था, और लगभग 50 प्रतिशत आबादी के पास बैंक खाते तक नहीं थे।
पीएम मोदी ने तृणमूल कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि हमारे टीएमसी के साथियों ने काफी कुछ कहा, जरा खुद तो अपनी गिरेबां में देखें। निर्मम सरकार पतन के जितने भी पैरामीटर्स हैं, उनमें नए-नए रिकॉर्ड बनाती जा रही है, और उनके नेता यहां उपदेश दे रहे हैं। ऐसी निर्मम सरकार के कारण वहां (पश्चिम बंगाल) के लोगों का भविष्य अंधकार में डूब रहा है, लेकिन उनको कोई मतलब नहीं है।
उन्होंने कहा कि दुनिया का समृद्ध से समृद्ध देश भी अपने यहां से गैर गैरकानूनी नागरिकों को बाहर निकाल रहा है, पर हमारे देश में घुसपैठियों को बचाने के लिए अदालतों पर प्रेशर डाला जा रहा है। देश का नौजवान कैसे ऐसे लोगों को माफ करेगा जो उनका हक छीन रहे हैं?
‘परीक्षा पे चर्चा’ ने बनाई शिक्षा की नई राह, प्रधानमंत्री मोदी ने साझा किया लेख!



