28 C
Mumbai
Wednesday, January 28, 2026
होमराजनीतिमोदी के वाराणसी में एक पिता के 50 बेटों के वोटर कार्ड;...

मोदी के वाराणसी में एक पिता के 50 बेटों के वोटर कार्ड; कांग्रेस के वोट चोरी का आरोप फिर उधेड़ा !

Google News Follow

Related

उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने ट्वीट कर चुनाव आयोग और भाजपा पर ‘वोट चोरी’ का एक और आरोप लगाते हुए लिखा की एक ही पिता के 50 बेटे है, जिसमें सबसे बड़ा बीटा 72 साल का वहीं सबसे छोटा बेटा 28 साल का है, इसके आलावा कांग्रेस ने इसे फ्रॉड करार देते हुए इसे लोक्ततंत्र के साथ धोखा करने का आरोप भी लगाया। हालांकि जांच में सामने आया की मतदाता सूचि में कश्मीरीगंज क्षेत्र के वार्ड नंबर 51 की मतदाता सूची में सच में ‘रामकमल दास’ के बेटे मौजूद है।

उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने ट्वीट कर कहा,“देखिए चुनाव आयोग का चमत्कार! एक पिता के 50 बेटे! सबसे छोटा बेटा राघवेंद्र, उम्र 28 साल और सबसे बड़ा बनवारी दास, उम्र 72 साल! क्या चुनाव आयोग इसे त्रुटि बताएगा या खुलेआम हो रहे फ्रॉड को मानेगा? यह लोकतंत्र के साथ धोखा है।”

सूची में पता B 24/19 दर्ज था, जहां 2023 नगर निगम चुनाव में 50 से अधिक मतदाता ‘रामकमल दास’ के पुत्र के रूप में दिखाए गए थे। उम्र के आंकड़ों में 37 वर्ष के 13 लोग, 39 वर्ष के 5 लोग, 40 वर्ष के 4 लोग और दो 72 वर्षीय शामिल थे।

दौरान इंडिया टुडे की टीम ने जमीनी स्तर पर जांच कर में पता लगाया कि यह पता किसी आवासीय घर का नहीं, बल्कि राम जानकी मठ मंदिर का है, जिसे आचार्य रामकमल दास ने स्थापित किया था। मठ के प्रबंधक रामभरत शास्त्री ने सूची को सही मानते हुए स्पष्ट किया कि यह गुरु-शिष्य परंपरा का हिस्सा है। उन्होंने कहा, “हमारे आश्रम में संन्यास लेने वाले शिष्य सांसारिक रिश्ते त्यागकर गुरु को ही पिता मानते हैं। इस परंपरा में सभी आधिकारिक दस्तावेजों में जैविक पिता की जगह गुरु का नाम दर्ज होता है।”

वरिष्ठ शिष्य अभिराम ने बताया कि 2016 में भारत सरकार ने सधुओं-संन्यासियों को अपने आधिकारिक कागजात में गुरु का नाम लिखने की अनुमति दी थी। उन्होंने जोड़ा,“यह न तो धोखाधड़ी है और न ही असंवैधानिक,”। अखिल भारतीय संत समिति के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री स्वामी जितेन्द्रानंद सरस्वती ने कांग्रेस पर सनातन परंपरा और धार्मिक नेताओं को फिर से बदनाम करने की साजिश बताया है। उन्होंने चेतावनी दी कि इस मामले में कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

संतों ने इस ‘भ्रम फैलाने’ के विरोध में बुद्धि शुद्धि पूजन भी किया। स्वामी जितेन्द्रानंद ने कहा “गुरुकुल छात्रों, ब्रह्मचारियों और सधुओं के आधार व वोटर आईडी में गुरु का नाम होता है। बिना समझे राजनीतिक दल निराधार आरोप लगा रहे हैं।” वाराणसी में ‘एक पिता के 50 बेटे’ का मामला न तो मतदाता धोखाधड़ी है और न ही चुनावी गड़बड़ी, बल्कि यह भारतीय कानून द्वारा मान्यता प्राप्त एक प्राचीन धार्मिक परंपरा है, जिसे देशभर के मठ और आश्रम आज भी निभा रहे हैं।

हालांकि कांग्रेस के शीर्ष नेता राहुल गांधी और उसके सहयोगी दल अभी भी चुनाव आयोग और भाजपा पर वोट चोरी के आरोप लगा रहें है, जिसे साबित करने में कांग्रेस बार बार असफल हो रही है। साथ ही राहुल गांधी को चुनाव आयोग ने लगातार शपथपत्र के जरिए आपात्ति जताने और सबूतों को पेश करने की हिदायत दी है, जिसे करने से राहुल गांधी बचते आए है।

यह भी पढ़ें:

आजाद भारत की पहली उड़ान, एचटी-2 ने रचा इतिहास! 

पादहस्तासन से पाएं लचीलापन और बेहतर पाचन

ट्रंप के बयान के बाद सोने और चांदी के दाम गिरे!

छठ महापर्व को यूनेस्को सूची में शामिल करने की प्रक्रिया शुरू! 

National Stock Exchange

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

The reCAPTCHA verification period has expired. Please reload the page.

Star Housing Finance Limited

हमें फॉलो करें

151,340फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
288,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें