अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) पाकिस्तान की ओर से भारत के खिलाफ T20 विश्व कप मैच के बहिष्कार की धमकी पर गंभीरता से विचार कर रही है और इस मुद्दे पर जल्द ही बोर्ड बैठक बुलाए जाने की संभावना है। सूत्रों के अनुसार ICC बोर्ड मंगलवार (3 फरवरी) या बुधवार (4 फरवरी) को बैठक कर सकता है, जिसमें 15 फरवरी को कोलंबो में होने वाले भारत–पाकिस्तान मुकाबले को लेकर अगला कदम तय किया जाएगा।
रविवार को पाकिस्तान सरकार ने सोशल मीडिया के जरिए घोषणा की कि राष्ट्रीय टीम भारत के खिलाफ मैच नहीं खेलेगी। हालांकि, ICC सूत्रों के अनुसार अब तक पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक सूचना वैश्विक क्रिकेट संस्था को नहीं मिली है। सरकार के फैसले के सार्वजनिक होने के कुछ ही घंटों बाद पाकिस्तान के कप्तान सलमान अली आगा ने कहा कि सीनियर राष्ट्रीय टीम सरकार के निर्णय का पालन करेगी और यह मामला क्रिकेट बोर्ड के हाथ में नहीं है।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच पाकिस्तान के गृह मंत्री और PCB के अध्यक्ष मोहसिन नकवी अब तक चुप्पी साधे हुए हैं। इससे पहले उन्होंने पूरे टूर्नामेंट के बहिष्कार की बात कही थी, हालांकि बाद में यह रुख नरम पड़ते हुए केवल भारत के खिलाफ मैच तक सीमित रह गया। बांग्लादेश के साथ एकजुटता दिखाने के प्रयास में पाकिस्तान यह कदम उठा रहा है। बांग्लादेश को सुरक्षा कारणों का हवाला देकर भारत आने से इनकार करने के बाद टूर्नामेंट से बाहर कर दिया गया था और उनकी जगह स्कॉटलैंड को शामिल किया गया, जबकि ICC ने सुरक्षा संबंधी दावों को खारिज किया था।
सूत्रों के मुताबिक, यदि पाकिस्तान 15 फरवरी को भारत के खिलाफ मैच खेलने नहीं उतरता है तो उसे मैदान पर सीधे तौर पर दो अंक गंवाने होंगे और उसका नेट रन रेट भी बुरी तरह प्रभावित होगा। लेकिन असली संकट मैदान के बाहर हो सकता है।
ICC सूत्रों के अनुसार, संभावित कड़े प्रतिबंधों में पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) में विदेशी खिलाड़ियों को खेलने की अनुमति न देना और लीग की अंतरराष्ट्रीय मान्यता और व्यावसायिक समर्थन वापस लेना शामिल हो सकता है। इसके अलावा, ICC राजस्व से पाकिस्तान को मिलने वाली राशि में भारी कटौती हो सकती है, जिस पर PCB काफी हद तक निर्भर है। भारत–पाकिस्तान मैच के न होने से होने वाले बड़े राजस्व नुकसान की भरपाई के लिए ब्रॉडकास्टर को मुआवजा देने का दबाव भी PCB पर डाला जा सकता है। एशिया कप से बाहर करना और पाकिस्तान से जुड़ी सभी द्विपक्षीय सीरीज को निलंबित करना भी संभावित कदमों में शामिल बताए जा रहे हैं।
ICC ने एक आधिकारिक बयान में पाकिस्तान को फैसले के परिणामों से आगाह किया और PCB से दीर्घकालिक प्रभावों को ध्यान में रखकर निर्णय लेने का आग्रह किया। बयान में कहा गया, “जबकि ICC राष्ट्रीय नीति के मामलों में सरकारों की भूमिका का सम्मान करता है, यह फैसला वैश्विक खेल और दुनिया भर के प्रशंसकों के हित में नहीं है।” ICC ने आगे कहा, “ICC को उम्मीद है कि PCB अपने देश में क्रिकेट के लिए इसके महत्वपूर्ण और दीर्घकालिक प्रभावों पर विचार करेगा, क्योंकि यह वैश्विक क्रिकेट पारिस्थितिकी तंत्र को प्रभावित करने की संभावना रखता है, जिसका वह स्वयं सदस्य और लाभार्थी है।”
भारत बनाम पाकिस्तान मुकाबला विश्व क्रिकेट के सबसे ज्यादा देखे जाने वाले मैचों में से एक है। 2012 के बाद से ICC ने बड़े टूर्नामेंटों में दोनों टीमों को एक ही समूह में रखा है। पिछले वर्ष एशिया कप के दौरान दोनों टीमों के बीच एक महीने के भीतर तीन मुकाबले हुए थे, जिससे ब्रॉडकास्टर्स को अरबों रुपये का राजस्व मिला। यदि पाकिस्तान इस महीने होने वाले मुकाबले से हटता है तो ब्रॉडकास्टर्स की ओर से ICC पर भारी दबाव पड़ने की संभावना है, जिसका असर पाकिस्तान क्रिकेट के लिए गंभीर हो सकता है।
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