28 C
Mumbai
Tuesday, January 13, 2026
होमक्राईमनामारेणुका स्वामी हत्याकांड : दर्शन की जमानत पर सुप्रीम कोर्ट ने फैसला...

रेणुका स्वामी हत्याकांड : दर्शन की जमानत पर सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा!

कोर्ट ने हाईकोर्ट के इस तर्क पर भी सवाल उठाया कि धारा 302 (हत्या) के मामले में गिरफ्तारी के आधार तुरंत नहीं बताए गए। 

Google News Follow

Related

अभिनेता दर्शन की रेणुका स्वामी हत्याकांड में जमानत को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक हाईकोर्ट के फैसले पर गंभीर सवाल उठाए हैं। गुरुवार को सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक सरकार की याचिका पर फैसला सुरक्षित रखा, जिसमें दर्शन और अन्य आरोपियों की जमानत रद्द करने की मांग की गई है। कोर्ट यह तय करेगा कि दर्शन की जमानत बरकरार रहेगी या रद्द होगी।

जस्टिस जे.बी. पारदीवाला और जस्टिस आर. महादेवन की बेंच ने कर्नाटक हाईकोर्ट के 13 दिसंबर 2024 के आदेश पर नाराजगी जताई, जिसमें दर्शन, पवित्रा गौड़ा और अन्य को जमानत दी गई थी।

जस्टिस पारदीवाला ने कहा, “हाईकोर्ट ने जमानत देते समय ऐसा आदेश दिया, जैसे वह सजा या बरी करने का फैसला हो। यह न्यायिक शक्ति का दुरुपयोग है।”

उन्होंने दर्शन के वकील कपिल सिबल से पूछा, “क्या आपको नहीं लगता कि हाईकोर्ट ने बरी करने जैसा आदेश दिया? क्या हाईकोर्ट अन्य मामलों में भी ऐसा करता है?”

कोर्ट ने हाईकोर्ट के इस तर्क पर भी सवाल उठाया कि धारा 302 (हत्या) के मामले में गिरफ्तारी के आधार तुरंत नहीं बताए गए। सुनवाई में कर्नाटक सरकार के वकील सिद्धार्थ लूथरा ने बताया कि दर्शन ने जमानत पर रिहा होने के बाद एक गवाह के साथ सार्वजनिक मंच साझा किया, जो जांच को प्रभावित कर सकता है।

सुप्रीम कोर्ट ने पूछा कि क्या आरोपियों का कोई आपराधिक इतिहास है और इसे अगली सुनवाई में पेश करने को कहा।

जब सरकार ने दिन-प्रतिदिन सुनवाई की बात कही, तो जस्टिस पारदीवाला ने सवाल किया, “जब अन्य कैदी सालों से जेल में हैं, तो इस मामले में जल्दी क्यों?” कोर्ट को बताया गया कि मुकदमा छह महीने में पूरा हो सकता है।

दर्शन, उनकी सहयोगी पवित्रा गौड़ा और 15 अन्य लोगों को 11 जून 2024 को चित्रदुर्गा के एक प्रशंसक रेणुका स्वामी के अपहरण और हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

दर्शन अपनी आगामी फिल्म ‘डेविल’ की शूटिंग में व्यस्त हैं और अभी थाईलैंड में हैं। 28 फरवरी को कर्नाटक हाई कोर्ट ने उन्हें देशभर में यात्रा की अनुमति दी थी, जबकि पहले यह आदेश बेंगलुरु तक सीमित था।
यह भी पढ़ें-

सब्जी हो या जूस, लौकी के गुणों को नहीं कर सकते नजरअंदाज!

National Stock Exchange

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

The reCAPTCHA verification period has expired. Please reload the page.

Star Housing Finance Limited

हमें फॉलो करें

151,437फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
287,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें