ग्रामीणों का कहना है कि आखिर चीतों की सुरक्षा व्यवस्था कैसी है? इस पर ध्यान दिया जाना चाहिए। जिस तरह से मौजूदा समय में हमारी बकरियों को निशाना बनाया जा रहा है, उसे हम किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं कर सकते हैं। प्रशासन को कूनो नेशलन पार्क की सुरक्षा व्यवस्था का ध्यान रखना होगा, तभी जाकर हमारे लिए स्थिति अनुकूल होगी।
जानकारी के मुताबिक, जब चीते बकरी को निशाना बना रहे थे, तभी ग्रामीणों ने इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा कर दिया। इसके बाद कूनो नेशनल पार्क से जुड़ी ट्रैकिंग टीम मौके पर पहुंची।
ग्रामीणों का कहना है कि ट्रैकिंग टीम की कोताही की वजह से चीते खुले में घूम रहे हैं। इस वजह से हम गांव के लोगों के बीच में असुरक्षा का माहौल बना हुआ है। हमें डर लगता है कि कहीं पर कुछ हो ना जाए।
वहीं, स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए ट्रैकिंग टीम ने उस महिला को उचित मुआवजा देने का भी ऐलान किया है, जिसकी बकरी को चीतों ने अपना शिकार बनाया था।
बता दें कि जब ट्रैकिंग टीम ने महिला को मुआवजा देने का ऐलान किया, तब जाकर स्थिति शांत हुई है। अब ऐसी स्थिति में सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हुई है कि आखिर ट्रैकिंग टीम की ओर से आगामी दिनों में क्या कुछ कदम उठाए जाते हैं? हालांकि, ट्रैकिंग टीम से जुड़े लोगों ने ग्रामीणों को हरसंभव सहायता देने का आश्वासन दिया है।
उधर, कूनो नेशनल पार्क प्रबंधन डीएफओ आर थिरुकुराल ने बताया कि हम चीतों की सुरक्षा के लिए हर मुमकिन कदम उठा रहे हैं। हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि चीतों की सुरक्षा पर किसी भी प्रकार की आंच नहीं आए।
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