उत्तराखंड के चमोली ज़िले में एक बड़ा हादसा तब हुआ जब हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट की बन रही टनल में पानी और मलबा घुस गया। गुरुवार शाम को हुए इस हादसे में अब तक सात मज़दूरों की मौत हो गई है और 14 घायल हुए हैं। बताया गया है कि एक मज़दूर अभी भी टनल में फंसा हुआ है। रेस्क्यू टीमें जंग जैसा सर्च ऑपरेशन चला रही हैं।
चमोली ज़िले के मायापुर (पीपलकोटी) में THDC हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट की बन रही टनल में गुरुवार शाम अचानक पानी और भारी मात्रा में मलबा घुस गया। उस समय टनल में मज़दूरों की शिफ्ट चल रही थी। पानी के तेज़ बहाव के कारण कई मज़दूर टनल के बाहर की ओर धकेल दिए गए।
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब 6.30 बजे टनल में भारी मात्रा में पानी और मलबा घुस गया। घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन, पुलिस और रेस्क्यू टीमें मौके पर पहुंच गईं। SDRF और NDRF की टीमें मलबा हटाकर फंसे हुए मज़दूर की तलाश कर रही हैं। चमोली इलाके में पिछले कुछ दिनों से भारी बारिश हो रही है। इस वजह से इलाके की नदियों और नालों का लेवल बढ़ गया है। इस बैकग्राउंड में, शुरुआती रिपोर्ट में बताया गया है कि टनल में अचानक बहुत ज़्यादा पानी घुस गया है। हादसे की सही वजह का पता लगाने के लिए एडमिनिस्ट्रेशन हालात का रिव्यू कर रहा है।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बचाव और राहत के काम को सबसे ज़्यादा प्रायोरिटी देने का निर्देश दिया है। वह सीनियर अधिकारियों से घटना की जानकारी ले रहे हैं और बचाव के काम पर नज़र रख रहे हैं। फंसे हुए मज़दूरों को सुरक्षित निकालने की पूरी कोशिश की जा रही है। इस बीच, शुरुआती जानकारी के मुताबिक, टनल में कई मज़दूरों के फंसे होने की बात कही जा रही थी। उसके बाद बचाव का काम तेज़ी से किया गया। हालांकि, हादसे के बाद हालात गंभीर हो गए हैं और मरने वालों की संख्या बढ़ गई है। शुक्रवार सुबह तक, बताया गया है कि सात लोगों की मौत हो गई है, 14 लोग घायल हुए हैं और एक मज़दूर अभी भी लापता है।
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