सिंधी समाज के लोग झूलेलाल के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त करने के लिए बड़े धूमधाम से इस आयोजन में शामिल हुए। इस शुभ अवसर पर गणमान्य लोगों की भी उपस्थिति रही, जिन्होंने इस आयोजन को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई।
इस अवसर पर नरोडा विधायक डॉ. पायल कोकरानी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि चेटीचंड पर्व 1300 साल पुरानी परंपरा है, जिसे हमारे पूर्वजों ने अपने कंधों पर संभाला और आज तक कायम रखा।
उन्होंने आगे कहा कि भारत में पहली बार सरकार द्वारा सिंधी सांस्कृतिक भवन बनाया जा रहा है। अहमदाबाद में सिंधु भवन पहले से है, जो सिंधु ट्रस्ट का है, लेकिन यह पहला सरकारी प्रयास है। 1947 के विभाजन के दौरान सिंधी समाज ने जो संघर्ष झेला, वह प्रेरणादायक है।
कार्यक्रम को लेकर प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “अहमदाबाद में आयोजित सिंधी समुदाय के चेटीचंड पर्व के उत्सव में उत्साह से भरे सिंधी परिवारों के साथ भाग लेना एक खुशी का अवसर था।
उन्होंने आगे लिखा, “यह पवित्र त्योहार सिंधी समुदाय की उदारता और साहस को दर्शाता है। सिंधी समाज एक मेहनती समाज है जो आपदा को अवसर में बदल देता है। सिंधी समुदाय ने गुजरात की प्रगति में सक्रिय योगदान देकर एक भारत, श्रेष्ठ भारत के मंत्र को साकार किया है।”
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