कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में शनिवार शाम भगदड़ मचने से 19 लोगों की मौत हो गई, जबकि 25 लोग घायल हुए हैं। पुलिस ने मामले में आयोजकों समेत 7 लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरिश पार्क थाने में गैर-इरादतन हत्या के मामले में उनके खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
Praying for safety of people at Chorbagan #DurgaPuja pandal. The visuals are scary. Stampede like situation. Injured rushed to hospital. https://t.co/iXxyO0hnm1
— Tamal Saha (@Tamal0401) October 17, 2026
हादसे में जान गंवाने वालों में 13 महिलाएं हैं। इनमें नॉर्थ 24 परगना जिले की 12वीं की छात्रा और हुगली की एक नर्स भी शामिल हैं। पुलिस अन्य मृतकों की पहचान में जुटी है। हादसे को लेकर कई वजहें भी सामने आई हैं। बताया जा रहा है कि बारिश शुरू होने के बाद पंडाल में भीड़ जमा हो गई थी। अंदर अंधेरा था और एंट्री-एग्जिट के रास्ते संकरे थे। भीड़ के दबाव से एग्जिट गेट का एक हिस्सा गिर गया। इसके बाद सुरक्षाकर्मियों ने लोगों को बाहर निकलने के लिए अनाउंसमेंट किया, तभी भगदड़ मच गई।
Kolkata: Local media reporting 18 dead, 15 critical, 40 injured. Horrifying footage of the stampede and of bodies lying scattered at Chorebagan pujo pandal. https://t.co/CEI12GTXDW
— Nirmal Prasai🇳🇵 (@NirmalPrasai5) October 17, 2026
हादसे से दो दिन पहले ही इस पंडाल को पश्चिम बंगाल सरकार के ‘देवी दुर्गा सम्मान 2026’ के तहत ‘बेस्ट ऑफ बेस्ट’ कैटेगरी में चुना गया था। इस कैटेगरी में कोलकाता के सिर्फ तीन पंडाल शामिल थे। मुख्यमंत्री ने हादसे की जांच के लिए कलकत्ता हाईकोर्ट के मौजूदा जज की अगुवाई में विशेष जांच दल (SIT) गठित करने की घोषणा की है। इसमें स्पेशल टास्क फोर्स (STF), क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (CID) और अन्य विभागों के अधिकारी शामिल होंगे।
यह भी पढ़ें-
कमर दर्द से हैं परेशान? रोज करें कटिचक्रासन, मिलेगा जबरदस्त फायदा!



