30 C
Mumbai
Wednesday, October 14, 2026
होमदेश दुनियाफेसबुक कमेंट करने पर मिली मौत की सजा रद्द, श्रीलंकाई हिंदू को...

फेसबुक कमेंट करने पर मिली मौत की सजा रद्द, श्रीलंकाई हिंदू को सऊदी कोर्ट से राहत

पैगंबर मुहम्मद पर फेसबुक कमेंट मामले में बड़ी राहत

Google News Follow

Related

सऊदी अरब के सुप्रीम कोर्ट ने 24 साल के श्रीलंकाई हिंदू माइग्रेंट वर्कर अनोजना सिवरसा की मौत की सज़ा पलट दी है। उसे एक फेसबुक कमेंट के लिए मौत की सज़ा सुनाई गई थी, जिसे इस्लाम और पैगंबर मुहम्मद का अपमान करने वाला माना गया था। यह अहम फैसला श्रीलंकाई सरकार द्वारा अपने नागरिक को राहत दिलाने के लिए लगातार डिप्लोमैटिक और कानूनी कोशिशों के बाद आया है।

इस फैसले की पुष्टि श्रीलंका के विदेश मंत्रालय, ओवरसीज एम्प्लॉयमेंट और टूरिज्म ने बुधवार, 14 अक्टूबर को जारी एक बयान में की। इसके अनुसार, सऊदी अरब के सुप्रीम कोर्ट ने 13 अक्टूबर को सिवरसा की मौत की सज़ा पलट दी।

सिवरसा की मुश्किलें जून के आखिर में श्रीलंका में एक सोशल मीडिया विवाद से शुरू हुईं। एक मुस्लिम युवक का हिंदू तीर्थयात्रियों के पीछे एक कुत्ते को लात मारने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इससे सोशल मीडिया यूज़र्स के बीच तीखी बहस छिड़ गई।

बहस के दौरान, एक यूज़र ने एक हिंदू देवता के बारे में कथित तौर पर आपत्तिजनक कमेंट किया। जवाब में, सिवरसा ने पैगंबर मुहम्मद के बारे में तमिल में एक कमेंट किया। सऊदी अरब के अधिकारियों ने इस कमेंट को ईशनिंदा और इस्लाम का अपमान माना। सिवरसा ने कुछ समय बाद कमेंट डिलीट कर दिया। उन्होंने माफी मांगते हुए एक वीडियो भी पोस्ट किया। हालांकि, डिलीट किए गए कमेंट के स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर घूमते रहे।

सिवरसा के भाई हमसिदान ने BBC को बताया कि श्रीलंका में कुछ लोगों ने सऊदी अरब में उस कंपनी को ईमेल किया था जहां सिवरसा काम कर रहे थे और मामले की जानकारी दी थी। इसके बाद यह मामला सऊदी अधिकारियों के ध्यान में आया। उनके इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त कर लिए गए और कथित तौर पर उनके सोशल मीडिया अकाउंट डिलीट कर दिए गए।

पहले पांच साल जेल, फिर सीधे फांसी

15 जुलाई को, अल-अहसा क्रिमिनल कोर्ट ने फेसबुक पर कमेंट के लिए सिवरसा को पांच साल जेल की सजा सुनाई। उन पर 3 मिलियन सऊदी रियाल, या लगभग $800,000 का जुर्माना भी लगाया गया। हालांकि, इसके बाद मामले ने एक गंभीर मोड़ ले लिया। 17 सितंबर को, सऊदी अरब की अपील कोर्ट ने देश के शरिया कानून के हिसाब से, असली जेल की सज़ा और जुर्माने को मौत की सज़ा में बदल दिया।

सिवरासा के लिए आगे क्या होगा?

हालांकि सुप्रीम कोर्ट के फैसले से सिवरसा और उनके परिवार को बड़ी राहत मिली है, लेकिन उनकी कानूनी लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है। डिप्लोमैटिक सूत्रों के मुताबिक, यह अभी साफ नहीं है कि सिवरसा की पिछली पांच साल की जेल की सज़ा बनी रहेगी या नहीं।

National Stock Exchange

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Star Housing Finance Limited

हमें फॉलो करें

150,046फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
338,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें