बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दूसरे और अंतिम चरण में मंगलवार (11 नवंबर) को रिकॉर्डतोड़ मतदान हुआ। शाम 5 बजे तक 67.14% वोटिंग दर्ज की गई, जो राज्य के चुनावी इतिहास में अब तक का सबसे ऊँचा आंकड़ा है। यह पहले चरण के 65.08% मतदान को भी पीछे छोड़ गया।
चुनाव आयोग के अनुसार, इस चरण में 3.7 करोड़ से अधिक मतदाताओं ने 1,302 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला किया। इनमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सरकार के आधा दर्जन से अधिक मंत्री भी शामिल थे। राज्यभर में 45,399 मतदान केंद्रों पर वोटिंग हुई, जिनमें से 40,073 ग्रामीण क्षेत्रों में थे। आयोग ने बताया कि लगभग 1.75 करोड़ महिला मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया, जबकि नवादा जिले के हिसुआ विधानसभा क्षेत्र में सर्वाधिक 3.67 लाख मतदाता दर्ज हुए।
अंतिम चरण में मतदान मुख्य रूप से नेपाल से सटे जिलों पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, सीतामढ़ी, मधुबनी, सुपौल, अररिया और किशनगंज में हुआ। इन क्षेत्रों में मुस्लिम आबादी का अनुपात अधिक होने के कारण यह चरण राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) और इंडिया गठबंधन (INDIA bloc) दोनों के लिए निर्णायक साबित हो सकता है। इन जिलों में उल्लेखनीय मतदान दर्ज किया गया किशनगंज में 76.26%, कटिहार में 75.23% और पूर्णिया में 73.79% वोटिंग हुई।
मतदान प्रतिशत 05:00 PM
दूसरा चरण, विधान सभा आम निर्वाचन 2025, बिहार@ECISVEEP pic.twitter.com/d4eqiCZpjK— Chief Electoral Officer, Bihar (@CEOBihar) November 11, 2025
चुनाव आयोग के एक अधिकारी ने बताया, “जो भी मतदाता मतदान केंद्रों पर पंक्ति में खड़े थे, उन्हें समय समाप्त होने के बाद भी वोट डालने की अनुमति दी गई। चार लाख से अधिक सुरक्षाकर्मियों ने पारदर्शी और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित किया।”
इस चरण में कई प्रमुख नेताओं की प्रतिष्ठा दांव पर थी। इनमें जेडीयू के बिजेंद्र प्रसाद यादव (सुपौल), भाजपा के प्रेमेंद्र कुमार (गया टाउन), रेनू देवी (बेतिया), नीरेश कुमार सिंह (छतापुर), लेशी सिंह (धमदाहा), शीला मंडल (फुलपरस) और जामा खान (चैनपुर) शामिल हैं। वहीं, लॉरिया, चनपटिया, रक्सौल, त्रिवेणीगंज, सुगौली और बनमांखी जैसे निर्वाचन क्षेत्रों में एक-एक सीट पर 22 तक उम्मीदवार मैदान में उतरे।
राज्य के चुनावी इतिहास में यह चरण न केवल रिकॉर्ड मतदान के लिए बल्कि मतदाताओं के शांतिपूर्ण और उत्साही सहभाग के लिए भी याद किया जाएगा। अब सबकी नजरें 14 नवंबर पर टिकी हैं, जब मतगणना के साथ ही एग्ज़िट पोल के परिणाम भी जारी किए जाएंगे।
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