एसआईआर के खिलाफ प्रदर्शन पर लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कहा कि चुनाव आयोग ने एक निर्धारित संख्या में बुलाया था, जो सामान्य परंपरा है। प्रतिनिधिमंडल में पूरी भीड़ नहीं जाती है। उन्होंने कहा, “विपक्ष के तर्कों में दम नहीं है। उनके पास कोई प्रमाण नहीं है, इसलिए यह भागने की कोशिश कर रहा है।”
भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने कहा कि विपक्ष की कोशिश है कि संसद न चले, क्योंकि सरकार तेजी से काम कर रही है और लगातार संसद में बिल पास होते हैं। उन्होंने कहा, “सरकार की कोशिश है कि 2047 से भी पहले भारत विकसित राष्ट्र बने, लेकिन कांग्रेस इस स्पीड को रोकने की कोशिश कर रही है। इनको सोचना चाहिए कि सरकार का नुकसान करने की जगह यह देश का नुकसान कर रहे हैं।”
भाजपा सांसद दिनेश शर्मा ने आरोप लगाए कि विपक्ष राष्ट्र को कमजोर करने वाली बातें कर रहा है। दिनेश शर्मा ने कहा, “जनता विपक्ष को बार-बार नकार रही है। इसलिए हार की हैट्रिक बनाने वाले लोग नया शिगूफा लाते हैं ताकि नेतृत्व जीवित रहे। कांग्रेस का शिगूफा चलने वाला नहीं है।”
उन्होंने कहा, “विदेशी शक्तियों के कारण इस प्रकार का दुष्प्रचार किया जा रहा है। पहले ईवीएम हैकिंग के आरोप लगाए थे, लेकिन आरोपों को चुनाव आयोग के सामने सिद्ध नहीं कर पाए। विदेशी महाशक्तियों के एनजीओ के धन बल का इस्तेमाल करके विपक्ष देश में अराजकता फैलाने की कोशिश कर रहा है।”
दिनेश शर्मा ने आगे कहा, “विपक्ष ने पहले नोटबंदी और संविधान व आरक्षण के विषय पर अराजकता फैलाई। अभी वोटर लिस्ट के विषय को लेकर अराजकता फैलाना चाहते हैं। इनका शिगूफा यही है कि संसद न चले, सड़कों पर अराजकता हो जाए।”
भाजपा सांसद मयंक नायक ने कहा, “देश की जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए को पूरा समर्थन दिया है और आने वाले दिनों में भी जनता प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व वाले एनडीए के साथ खड़ी रहेगी।”



