कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी 26 फरवरी को भारत दौरे पर आएंगे। यह उनकी इंडो-पैसिफिक क्षेत्र की तीन देशों की यात्रा का पहला चरण होगा। इसकी जानकारी कनाडा के प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने सोमवार (24 फरवरी)को दी।कनाडाई विशेषज्ञों के अनुसार कार्नी भारत-कनाडा संबंधों को सुधारने की दिशा में प्रयासरत हैं। उनके पूर्ववर्ती जस्टीन ट्रुडो के कार्यकाल में दोनों देशों के रिश्ते निम्नतम स्तर पर पहुंच गए थे।
कार्नी के पद संभालने के बाद दोनों देशों ने उच्चस्तरीय वार्ताएं फिर से शुरू की हैं, एक-दूसरे की राजधानियों में राजदूत बहाल किए गए हैं और सुरक्षा व व्यापार वार्ता को पुनर्जीवित किया गया है। पिछले वर्ष दोनों पक्षों ने व्यापार समझौते के लिए वार्ता शुरू करने पर सहमति जताई थी।
PMO के अनुसार, “कार्नी इस दौरे में व्यापार, ऊर्जा, तकनीक और रक्षा के क्षेत्र में कनाडाई श्रमिकों और व्यवसायों के लिए नए अवसरों को खोजने का काम करेंगे। कनाडा के तीन सबसे मजबूत भारत-प्रशांत भागीदारों की इन यात्राओं के माध्यम से, प्रधान मंत्री क्षेत्रीय संबंधों को गहरा करेंगे जो हमारी सुरक्षा और समृद्धि के लिए महत्वपूर्ण हैं।”
जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री करनी पहले मुंबई उतरेंगे और फिर नई दिल्ली जाएंगे, जहां उनकी मुलाकात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से तय होगी। PMO के मुताबिक, दोनों नेताओं के बीच वार्ता होगी, जिसमें व्यापार, ऊर्जा, प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), प्रतिभा, संस्कृति और रक्षा जैसे क्षेत्र शामिल होंगे। कार्नी भारतीय उद्योग जगत के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात करेंगे, ताकि कनाडा में निवेश के अवसरों की पहचान की जा सके और द्विपक्षीय साझेदारी को बढ़ावा दिया जा सके।
ज्ञात हो की अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा शुरू किए गए टैरिफ युद्ध से कनाडा पर विशेष असर पड़ा है। ऐसे में कार्नी यूरोप और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र की ओर रुख कर व्यापार विविधीकरण और अमेरिका पर निर्भरता कम करने की रणनीति अपना रहे हैं। प्रस्तावित व्यापार समझौते के तहत कनाडा 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाकर 70 अरब डॉलर से अधिक करना चाहता है।
भारत के बाद कार्नी ऑस्ट्रेलिया और जापान का दौरा करेंगे। ऑस्ट्रेलिया में वे प्रधानमंत्री अन्थोनी अल्बनिज से मुलाकात करेंगे, जहां रक्षा, समुद्री सुरक्षा, महत्वपूर्ण खनिज, व्यापार और उन्नत प्रौद्योगिकी पर सहयोग बढ़ाने पर चर्चा होगी। जापान में वे प्रधानमंत्री साने ताकाइचि से टोक्यो में मुलाकात करेंगे। वहां स्वच्छ ऊर्जा, उन्नत विनिर्माण, महत्वपूर्ण खनिज, खाद्य सुरक्षा और मुक्त एवं खुले इंडो-पैसिफिक के समर्थन जैसे मुद्दों पर विचार-विमर्श होगा।
कार्नी का यह दौरा इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में कनाडा की रणनीतिक और आर्थिक भागीदारी को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
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