मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल की बैठक संपन्न हो गई। सीएम नीतीश कुमार ने 20 प्रस्तावों को स्वीकृति दी। आगामी चुनाव से पहले नौकरी को लेकर किए गए अपने वादे को सीएम नीतीश कुमार हर हाल में पूरा करना चाहते हैं। इसी को देखते हुए पूर्व में की गई घोषणाओं के मद्देनजर सीएम नीतीश कुमार ने मधुबनी, वीरगंज, मुंगेर, वाल्मीकिनगर, मुजफ्फरपुर, सहरसा जिले उड़ान योजना से जोड़ने की स्वीकृति दे दी।
भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) और बिहार सरकार के बीच एमओयू (MoU) को स्वीकृति प्रदान की गई है। यह साझेदारी राज्य में हवाई संपर्क को मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।
नीतीश सरकार ने शिक्षा विभाग में बाहली का रास्ता खोल दिया है। हाई स्कूलों में क्लर्क (लिपिक) की नियुक्ति के लिए नए को स्वीकृति दे दी है। वहीं लाइब्रेरियन की बहाली, ट्रांसफर समेत कई नियमों को मंजूरी दे दी है। इसके अलावा शिक्षा विभाग के कामकाज की निगरानी और सलाह के लिए तीन सलाहकारों की नियुक्ति संविदा पर की जाएगी। सीएम नीतीश कुमार ने इस प्रस्ताव पर भी मुहर लगा दी।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में कुल 20 अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। यह बैठक आगामी विधानसभा चुनावों से पहले राज्य के विकास और रोजगार के वादों को पूरा करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
उड़ान योजना के तहत छह नए जिले होंगे शामिल: राज्य सरकार ने केंद्र की उड़ान (UDAN) योजना को गति देते हुए मधुबनी, वीरगंज, मुंगेर, वाल्मीकिनगर, मुजफ्फरपुर और सहरसा जैसे जिलों को इससे जोड़ने की मंजूरी दी। इसके तहत इन जिलों में हवाई संपर्क को बेहतर बनाया जाएगा।
इस पहल को भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) और बिहार सरकार के बीच हुए एमओयू (MoU) के तहत लागू किया जाएगा। यह कदम राज्य में क्षेत्रीय हवाई संपर्क को मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा बदलाव लाएगा।
शिक्षा विभाग में नई नियुक्तियाँ और नीतिगत निर्णय: नीतीश कैबिनेट ने शिक्षा विभाग में बहाली और ढाँचागत सुधार से जुड़े कई अहम फैसलों को मंजूरी दी, जिसमें हाई स्कूलों में क्लर्क (लिपिक) पद की नयी नियुक्तियों को स्वीकृति मिली। इसके साथ ही लाइब्रेरियन की बहाली, शिक्षकों के ट्रांसफर, और सेवा शर्तों से जुड़े नियमों में संशोधन को मंजूरी दी गई। शिक्षा विभाग के कामकाज की निगरानी और नीति सलाह के लिए तीन सलाहकारों की संविदा पर नियुक्ति की जाएगी।
चुनाव पूर्व वादों को पूरा करने की दिशा में मजबूत कदम: इन फैसलों से यह स्पष्ट है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राज्य के युवाओं को रोजगार और आधारभूत ढांचे में सुधार के अपने वादों को तेजी से क्रियान्वित करना चाहते हैं। यह कदम न केवल विकास की दिशा में हैं, बल्कि चुनाव पूर्व उनकी प्रतिबद्धताओं की पुनः पुष्टि भी करते हैं।
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