सर्वदलीय बैठक पर भड़के सीपी सिंह, कांग्रेस को कहा ‘गद्दारों की पार्टी’!
सी.पी. सिंह ने कहा, "कांग्रेस को राजनीति करने के लिए मुद्दा चाहिए। सीजफायर मामले पर भी कांग्रेस को राजनीति ही करनी है। यह कांग्रेस का दोहरा चरित्र है।
Team News Danka
Published on: Mon 12th May 2025, 06:10 PM
All party meeting, CP Singh got angry, called Congress a 'party of traitors', Indo-Pak ceasefire, Opposition parties demanded an all party meeting, Jharkhand BJP leader CP Singh gave a befitting reply to Congress and called it a "party of traitors"
भारत-पाक के सीजफायर के बाद विपक्षी दलों की ओर से सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग पर झारखंड के भाजपा नेता सी.पी. सिंह ने कांग्रेस को करारा जवाब देते हुए उसे “गद्दारों की पार्टी” बताया। सी.पी. सिंह ने कहा, “कांग्रेस को राजनीति करने के लिए मुद्दा चाहिए। सीजफायर मामले पर भी कांग्रेस को राजनीति ही करनी है।
यह कांग्रेस का दोहरा चरित्र है। मैं किन शब्दों का इस्तेमाल करूं।कांग्रेस गद्दारों की पार्टी है, एक निरंकुश पार्टी है। इसके हर सदस्य के डीएनए में गद्दारी लिखी है। आपने देखा होगा कि कांग्रेस नेता अजय राय ने राफेल का मजाक बनाया था।”
उन्होंने कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता से पहले कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्दारमैया पाकिस्तान के पक्ष में बयान देते हैं कि युद्ध नहीं होना चाहिए। इनके सांसद चरणजीत सिंह चन्नी सर्जिकल स्ट्राइक पर सवाल खड़े करते हुए सेना के शौर्य के बारे में संदेह जाहिर करते हैं। यह कांग्रेस का चरित्र है।
उल्लेखनीय है कि भारत-पाक के बीच सीजफायर की घोषणा सबसे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा किए जाने पर विपक्षी दलों ने ऐतराज जताया है। उनका कहना है कि यह दो देशों की बात थी, इसमें ट्रंप की एंट्री क्यों हुई।
विपक्षी दलों का दावा है कि केंद्र सरकार ने अमेरिका के दबाव में सीजफायर किया। इसीलिए, रविवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे सहित ‘इंडिया’ ब्लॉक में शामिल अन्य दलों के नेता केंद्र सरकार से सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग कर रहे हैं।
विपक्ष की मांग है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में सर्वदलीय बैठक बुलाई जाए और इसी के साथ संसद का विशेष सत्र बुलाने की मांग भी की गई है। विपक्षी दलों का मानना है कि आतंकवाद के खिलाफ वह सरकार और सेना के साथ पूरी तरह खड़े रहे। इसीलिए, सीजफायर किन कारणों की वजह से किया गया, इसके बारे में देश को जानकारी मिलनी चाहिए।