गौरव वल्लभ ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि 4 मई को बंगाल से टीएमसी चली जाएगी। पश्चिम बंगाल के लोगों ने कल की रैली के दौरान ही तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के बारे में अपना फैसला कर लिया था। अब टीएमसी चाहे कितनी भी कोशिश कर ले, चाहे वे कोई भी बयान दें या फिर वे आदिवासी महिलाओं या राष्ट्रपति का अपमान ही क्यों न करें, टीएमसी अब बंगाल में नहीं टिक सकती। उनका जाना तय है और सभी पांचों राज्यों में सुशासन वाली सरकारें बनेंगी।
उन्होंने कहा कि भारत का संविधान यह प्रावधान करता है कि केवल वे भारतीय नागरिक, जिनकी उम्र 18 वर्ष या उससे अधिक है, उन्हें ही वोट देने का अधिकार है। सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि केवल उसके नागरिक ही इसके पात्र हों और कोई भी विदेशी नागरिक किसी भी अनुचित माध्यम से वोट न डाल सके। भारत सरकार के विकास कोष भारतीय नागरिकों की प्रगति के लिए हैं, न कि दूसरों के लिए।
सीएम ममता बनर्जी द्वारा राज्य के कर्मचारियों और पेंशनरों को लेकर की गई घोषणा पर पलटवार करते हुए भाजपा नेता गौरव वल्लभ ने कहा कि पश्चिम बंगाल के लोग पंडित और मौलवी, दोनों यह समझते हैं कि जो सरकार चार साल और ग्यारह महीने तक कुछ नहीं करती, वह ऐसे ऐलान केवल चुनावों से ठीक पहले ही करती है। ऐसा इसलिए है, क्योंकि उनकी सरकार अब वापस नहीं आने वाली। चार मई से टीएमसी जाने वाली है, बंगाल की गली-गली में यही नारे गूंज रहे हैं।
