उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री संजय निषाद ने अखिलेश के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने भगवान राम और निषादराज का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह भगवान राम ने निषादराज को गले लगाया और रावण का विनाश हुआ, उसी तरह प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी ने निषाद समाज को सम्मान दिया है।
भाजपा सांसद गीता शाक्य ने कहा कि अखिलेश यादव यह भूल गए हैं कि यह भारतीय जनता पार्टी है। उन्होंने कहा कि भाजपा में कई ऐसे नेता हैं जिन्होंने जमीनी स्तर से संघर्ष कर अपनी पहचान बनाई है। एनडीए की सहयोगी पार्टियां और भाजपा का शीर्ष नेतृत्व मिलकर काम करते हैं। गठबंधन में सभी नेताओं का सम्मान होता है, उनकी बात सुनी जाती है और महत्वपूर्ण फैसले सामूहिक चर्चा के बाद लिए जाते हैं।
गीता शाक्य ने सवाल उठाया कि अखिलेश यादव कौन होते हैं यह कहने वाले कि एनडीए के लोग डरे हुए हैं। उन्होंने कहा कि अखिलेश को एनडीए की चिंता करने के बजाय अपनी पार्टी और अपने लोगों पर ध्यान देना चाहिए। एनडीए और भाजपा पूरी तरह सक्षम हैं और गठबंधन मजबूती के साथ विधानसभा चुनाव की तैयारी कर रहा है।
भाजपा नेता राम कदम ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर भी अखिलेश यादव पर हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव ने खुद मान लिया है कि वह इस बार भी चुनाव हारने वाले हैं।
