लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव: 118 सांसदों के हस्ताक्षर

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव: 118 सांसदों के हस्ताक्षर

No-confidence motion against Lok Sabha Speaker Om Birla: 118 MPs sign

कांग्रेस ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लोकसभा सचिवालय को सौंप दिया है।  बजट सत्र के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष में टकराव के बीच कांग्रेस सांसदों ने अविश्वास प्रस्ताव दाखिल किया है। कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने बताया कि यह नोटिस दोपहर 1:14 बजे लोकसभा के कार्य संचालन एवं प्रक्रिया नियमों के नियम 94C के तहत जमा किया गया। प्रस्ताव पर करीब 118 सांसदों के हस्ताक्षर हैं।

कांग्रेस नेताओं का कहना है कि इतने बड़े संख्या में सांसदों का समर्थन यह दर्शाता है कि विपक्ष के भीतर लोकसभा की कार्यवाही को लेकर गहरी असंतोष की भावना है। उनका आरोप है कि सदन में विपक्षी सांसदों को बोलने का पर्याप्त अवसर नहीं दिया जा रहा, लगातार व्यवधान हो रहे हैं और अध्यक्ष की भूमिका में पक्षपात दिखाई दे रहा है।

हालांकि, कांग्रेस सूत्रों का कहना है की लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अविश्वास प्रस्ताव पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं। पार्टी का कहना है कि यह फैसला संसदीय मर्यादा और संस्थागत परंपराओं के सम्मान को ध्यान में रखकर लिया गया। नेता प्रतिपक्ष के लिए लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर हस्ताक्षर करना उचित नहीं माना गया, भले ही विपक्ष सदन के संचालन को लेकर गंभीर आपत्तियां जता रहा हो।

कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ने मंगलवार (10 फरवरी) को कहा कि विपक्ष ने लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया है और इसे असाधारण परिस्थितियों में उठाया गया असाधारण कदम बताया।

एक्स पर पोस्ट करते हुए टैगोर ने कहा कि विपक्ष अब भी संवैधानिक मर्यादाओं में भरोसा रखता है और अध्यक्ष के प्रति व्यक्तिगत सम्मान बनाए हुए है। लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि सदन में लगातार विपक्षी सांसदों को जनहित के मुद्दे उठाने से रोका जा रहा है, जिससे गहरी पीड़ा और असंतोष पैदा हुआ है। उनके अनुसार वर्षों से चली आ रही ऐसी शिकायतों के बाद यह प्रस्ताव लाया गया है, जो विपक्ष की चिंताओं की गंभीरता को दर्शाता है।

हालाँकि इस अविश्वास प्रस्ताव में बड़ी खामी बताई गई है। कोंग्रस सांसदों द्वारा सौपे गए इस अविश्वास प्रस्ताव में आरोपों की तिथी वर्ष 2025 की लिखी गई है।

इस बीच, इससे पहले 4 फरवरी 2026 को लोकसभा में हुए हंगामे को लेकर भाजपा की महिला सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखा था। पत्र में विपक्षी सांसदों के खिलाफ नियमों के तहत सबसे सख्त संभव कार्रवाई की मांग की है। भाजपा सांसदों ने आरोप लगाया कि विपक्षी सदस्य सदन के वेल में पहुंचे, अध्यक्ष की मेज पर चढ़े और कार्यवाही में बाधा डाली।

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