मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में लिखा, “इस संघर्ष-विराम की वजह से एक जलडमरूमध्य (‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’) फिर से खुल गया है। एक ऐसा जलडमरूमध्य जो युद्ध शुरू होने से पहले सभी के लिए खुला था और जिसका इस्तेमाल कोई भी स्वतंत्रता से कर सकता था। आखिर इस 39-दिन के युद्ध से अमेरिका को हासिल क्या हुआ?”
इससे पहले, कांग्रेस पार्टी की महासचिव और सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने संघर्ष-विराम पर प्रतिक्रिया देते हुए ईरान के लोगों की प्रशंसा की। उन्होंने ‘एक्स’ पोस्ट में लिखा, “ईरानी पुरुषों और महिलाओं ने अपने देश के संसाधनों के चारों ओर मानव श्रृंखला बनाई, जबकि पश्चिमी ताकतों ने घिनौनी भाषा का इस्तेमाल करते हुए एक सभ्यता के अंत की घोषणा की।”
उन्होंने आगे लिखा, “दुनिया देख रही है और समझ रही है कि कैसे पश्चिम के चेहरे से नैतिकता का नकाब हट रहा है। नफरत, गुस्सा, हिंसा और अन्याय कभी नहीं जीतते। साहस हमेशा जीतता है।”
बता दें कि ईरान और अमेरिका के बीच फिलहाल दो हफ्ते के लिए युद्धविराम हुआ है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संघर्ष-विराम समझौते के तहत ईरान के खिलाफ हमलों को दो हफ्ते के लिए सशर्त रोकने की घोषणा की। उन्होंने इस कदम को रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ को फिर से खोलने के प्रयासों से जोड़ा।
ईरान ने इस प्रस्ताव को अस्थायी रूप से स्वीकार करने का संकेत दिया। ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा कि अगर ईरान पर हमले बंद हो जाते हैं, तो तेहरान भी अपनी सैन्य कार्रवाई रोक देगा।
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