शिवसेना की राष्ट्रीय प्रवक्ता शाइना एनसी ने राष्ट्रीय राज्य और राजनीति से जुड़े कई मुद्दों पर कांग्रेस नेता संजय राऊत और विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि संजय राऊत केवल पिकनिक और छुट्टियों की राजनीति समझते हैं, जबकि दावोस जैसे वैश्विक मंच पर भारत और महाराष्ट्र के भविष्य को लेकर गंभीर चर्चा होती है।
शाइना एनसी ने आईएएनएस से कहा कि दावोस में 100 से अधिक शीर्ष सीईओ, कई मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री एक मंच पर मौजूद हैं। वहां का मुख्य उद्देश्य भारत में निवेश आकर्षित करना है, खासतौर पर रक्षा, सेमीकंडक्टर, नवीकरणीय ऊर्जा, इलेक्ट्रॉनिक्स और बुनियादी ढांचे जैसे क्षेत्रों में।
उन्होंने कहा कि सरकार का फोकस विकसित महाराष्ट्र, विकसित मुंबई और विकसित भारत 2047 के विजन पर है, जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सपने को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
उन्होंने कहा कि अगर कोई व्यक्ति लॉजिस्टिक लागत, इंफ्रास्ट्रक्चर, शिक्षा और वैश्विक भू-राजनीतिक हालात को समझता है, तो उसे यह भी समझ आएगा कि निवेश और व्यापार विवादों को संवाद के जरिए कैसे सुलझाया जा सकता है।
शाइना एनसी ने तंज कसते हुए कहा कि संजय राऊत इन विषयों की गंभीरता नहीं समझते और केवल राजनीतिक बयानबाजी करते हैं।
महायुति सरकार पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में गठबंधन पूरी तरह एकजुट है। उन्होंने साफ कहा कि महापौर का फैसला भी दोनों नेताओं की सहमति से लिया जाएगा और विपक्ष द्वारा फैलाए जा रहे ‘झूठे नैरेटिव’ में कोई सच्चाई नहीं है।
शाइना एनसी ने भारतीय जनता पार्टी के संगठनात्मक फैसलों की भी सराहना की। उन्होंने नितिन नबीन का उदाहरण देते हुए कहा कि वे बिहार के जमीनी कार्यकर्ता से पार्टी अध्यक्ष बने हैं, जो इस बात का प्रमाण है कि भाजपा में कोई भी सामान्य नागरिक और कार्यकर्ता ऊंचे पद तक पहुंच सकता है।
शाइना एनसी ने इसे ‘जेनरेशन शिफ्ट’ बताते हुए कहा कि युवा केवल देश का भविष्य नहीं, बल्कि वर्तमान भी हैं।
मुंबई और महाराष्ट्र के विकास पर बोलते हुए शाइना एनसी ने कहा कि उनकी राजनीति ‘प्रगति और समावेश’ की है। उन्होंने ‘मुंबई माझी लाडकी’ का जिक्र करते हुए कहा कि उनका लक्ष्य ऐसी मुंबई बनाना है जो सभी नागरिकों के दिल की धड़कन बने और जहां सभी को साथ लेकर विकास किया जाए।
हिंदुत्व के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि इसका अर्थ सबके लिए न्याय और किसी के लिए तुष्टिकरण नहीं है। उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाया कि वे ‘भगवा’ और ‘हरे’ जैसे शब्दों का राजनीतिक दुरुपयोग करते हैं और तुष्टिकरण की राजनीति करते हैं, जबकि उनकी पार्टी राष्ट्रवाद और विकास की बात करती है।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी शाइना एनसी ने निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी देश और विदेश में घूमते हुए ‘फॉल्स नैरेटिव’ फैलाते हैं और इससे भारत की छवि को नुकसान पहुंचता है। इस तरह की राजनीति को गंभीरता से लेने की जरूरत नहीं है, क्योंकि जनता अब विकास और स्थिरता चाहती है।
शाइना एनसी ने कहा कि महाराष्ट्र और मुंबई के लिए निवेश लाना और 2047 तक विकसित भारत का सपना साकार करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने विश्वास जताया कि महायुति सरकार एकजुट रहकर राज्य को विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी।
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