भांग (विजया) का नाम सुनते ही अक्सर लोग इसे सिर्फ नशे से जोड़कर देखते हैं, लेकिन इसके बीज यानी हेंप सीड्स वास्तव में औषधीय और पोषण से भरपूर माने जाते हैं। आयुर्वेद, पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियां और आधुनिक विज्ञान सभी ने इसके औषधीय लाभों को स्वीकार किया है।
भांग के बीज में लगभग 30% गुड फैट्स पाए जाते हैं, जिनमें ओमेगा-3 और ओमेगा-6 फैटी एसिड मुख्य हैं। इनमें मौजूद गामा-लिनोलेनिक एसिड सूजन (इंफ्लेमेशन) को कम करने और हार्मोनल संतुलन में सहायक है। इसके अलावा, ये बीज विटामिन E, फॉस्फोरस, मैग्नीशियम, आयरन, कैल्शियम और जिंक से भी भरपूर होते हैं।
प्रोटीन का श्रेष्ठ स्रोत
भांग के बीज को पूर्ण प्रोटीन स्रोत माना जाता है क्योंकि इनमें सभी आवश्यक अमीनो एसिड मौजूद होते हैं। इनकी कुल कैलोरी का लगभग 30% उच्च गुणवत्ता वाले प्रोटीन से आता है, जो इन्हें चिया सीड्स और अलसी जैसे अन्य बीजों से भी अधिक पौष्टिक बनाता है। यह विशेष रूप से शाकाहारी लोगों और एथलीट्स के लिए उपयोगी है।
इन बीजों में घुलनशील और अघुलनशील दोनों तरह के फाइबर पाए जाते हैं। यह पाचन तंत्र को साफ रखते हैं, आंतों को मजबूत बनाते हैं और कब्ज से राहत दिलाते हैं। साथ ही, फाइबर ब्लड शुगर और कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित करता है, जिससे मोटापा और डायबिटीज का खतरा कम होता है।
भांग के बीजों में मौजूद आर्जिनिन नामक अमीनो एसिड शरीर में नाइट्रिक ऑक्साइड का निर्माण करता है, जो रक्त वाहिकाओं को आराम देता है और ब्लड प्रेशर नियंत्रित करता है। इनमें मौजूद ओमेगा-3 फैटी एसिड दिल को स्वस्थ रखते हैं और मस्तिष्क को अल्जाइमर व डिमेंशिया जैसी समस्याओं से बचाते हैं।
आयुर्वेद में भांग के बीजों का प्रयोग लंबे समय से स्त्री रोग और हार्मोनल असंतुलन को ठीक करने में किया जाता रहा है। इनमें मौजूद फैटी एसिड और सूक्ष्म पोषक तत्व हार्मोन स्तर को संतुलित करते हैं। साथ ही, यह त्वचा के लिए भी लाभकारी हैं। ये कोलेजन उत्पादन बढ़ाकर त्वचा को जवां बनाए रखते हैं और एक्ने व एक्जिमा जैसी समस्याओं में राहत देते हैं।
भांग के बीजों को कई तरीकों से डाइट में एक-दो चम्मच सीधे चबाकर खाएं, इन्हें भिगोकर स्मूदी में मिलाएं, चटनी, सलाद और ओट्स में डालकर खाने में शामिल किया जा सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि संतुलित मात्रा में इसका सेवन शरीर को न केवल ताकत देता है बल्कि संपूर्ण स्वास्थ्य को भी बेहतर बनाता है।
यह भी पढ़ें:
इंफाल में 1,200 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण
पहली बार रेल नेटवर्क से जुड़ा मिजोरम, वर्चुअली दिखाई 3 ट्रेनों को हरी झंडी!



