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Saturday, January 10, 2026
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गरीबों को दर्द में राहत, दवाइयों को सस्ता करने का निर्णय लागु !

यह फैसला पिछले महीने बजट पेश होने के करीब दो हफ्ते बाद आया है। एनपीपीए देश में दवाओं की उपलब्धता, उनकी कीमतों को नियंत्रित करना और दवाओं में मिलावट को रोकना जैसे प्रमुख कार्य करता है

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भारत सरकार ने आम आदमी को बड़ी राहत देते हुए कुछ दवाओं के दाम कम कर दिए हैं। सरकारद्वारा पेनकिलर और एंटीबायोटिक समेत 70 जरूरी दवाओं की कीमतें कम करने का फैसला किया गया है। नॅशनल फार्मास्युटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी (एनपीपीए) की बैठक में यह अहम फैसला लिया गया है, जिससे आम लोगों के लिए इलाज सस्ता होगा और उन्हें बड़ी राहत मिलेगी।

नेशनल फार्मास्युटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी की बैठक में कुछ जरूरी दवाओं की कीमतें कम करने का फैसला लिया गया. एनपीपीए देश में बेची जाने वाली आवश्यक दवाओं की कीमतों को नियंत्रित करता है। इस बार की बैठक में विशेष दवाओं सहित 70 दवाओं की कीमतें कम करने का निर्णय लिया गया है, जिनमें पेनकीलर, एंटीबायोटिक्स, बुखार, संक्रमण, दस्त, मांसपेशियों में दर्द, मधुमेह, रक्तचाप, हृदय और कई अन्य बीमारियों की दवाएं शामिल हैं।

इसके पूर्व नेशनल फार्मास्युटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी ने जून में हुई एक बैठक में आम तौर पर इस्तेमाल होने वाली 54 दवाओं और आठ विशेष दवाओं की कीमतें कम कर दी थीं। साथ ही पिछले महीने एंटीबायोटिक्स, मल्टी विटामिन्स, डायबिटीज, कैंसर और दिल से जुड़ी दवाओं के दाम भी कम किए गए थे।

बता दें की,एनपीपीए का यह फैसला पिछले महीने बजट पेश होने के करीब दो हफ्ते बाद आया है। एनपीपीए देश में दवाओं की उपलब्धता, उनकी कीमतों को नियंत्रित करना और दवाओं में मिलावट को रोकना जैसे प्रमुख कार्य करता है इसकी स्थापना 1997 में भारत सरकार द्वारा रसायन और उर्वरक मंत्रालय के तहत की गई थी।

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