23 C
Mumbai
Monday, January 26, 2026
होमक्राईमनामा10 साल से ‘कोल्ड्रिफ’ खांसी सिरप दवा में लिख रहे थे गिरफ्तार...

10 साल से ‘कोल्ड्रिफ’ खांसी सिरप दवा में लिख रहे थे गिरफ्तार डॉ. प्रवीन सोनी!

Google News Follow

Related

मध्य प्रदेश में कथित तौर पर दूषित कोल्ड्रिफ खांसी सिरप पीने से छिंदवाड़ा और बैतूल जिलों में 16 बच्चों की मौत के मामले ने पूरे राज्य को झकझोर दिया है। इस मामले में पुलिस ने शनिवार (4 अक्तूबर)को वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रवीन सोनी को गिरफ्तार किया। डॉ. सोनी, जो परासिया के सरकारी अस्पताल में पदस्थ हैं और साथ ही एक निजी क्लिनिक भी चलाते हैं, ने गिरफ्तारी से कुछ घंटे पहले इंडिया टुडे टीवी से बात करते हुए अपना पक्ष रखा था। उन्होंने कहा, “यह सिरप एक दिन में खत्म होने वाला इलाज नहीं है। मैं पिछले दस साल से इस कंपनी की दवाएं लिख रहा हूं। यह कहना गलत है कि कोई प्राथमिक डॉक्टर फॉर्मूलेशन तय करता है। हमें सीलबंद और तैयार दवाएं दी जाती हैं।”

उन्होंने बताया कि उन्होंने हाल के दिनों में 100 से अधिक बच्चों का इलाज किया और किसी भी मेडिकल स्टोर से क्लिनिक बंद करने का निर्देश नहीं मिला। हालांकि, उन्होंने स्वास्थ्य विभाग की सलाह पर फिलहाल शिशुओं का इलाज रोक दिया है। जांच में सामने आया कि बच्चों की मौत कोल्ड्रिफ सिरप में अत्यधिक मात्रा में मिले जहरीले रसायन डाइएथिलीन ग्लाइकोल (DEG) के कारण हुई। लैब रिपोर्ट के मुताबिक, सिरप में 48.6 प्रतिशत DEG पाया गया, जो किडनी फेल्योर और मौत का कारण बन सकता है।

इस खुलासे के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव ने डॉ. सोनी को तुरंत निलंबित करने और पूरे मध्य प्रदेश में कोल्ड्रिफ सिरप की बिक्री और वितरण पर प्रतिबंध लगाने के आदेश दिए। पुलिस ने इस मामले में डॉ. सोनी और श्रीसन फार्मास्यूटिकल्स के संचालकों के खिलाफ ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट और भारतीय दंड संहिता (BNS) की कई धाराओं में एफआईआर दर्ज की है।

अधिकारियों के अनुसार, मृत बच्चों में से 11 परासिया सबडिवीजन, 2 छिंदवाड़ा शहर और 1 चौरई तहसील से थे, जबकि 2 बच्चों की मौत बैतूल जिले में हुई। इस बीच, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) की छिंदवाड़ा इकाई की अध्यक्ष कल्पना शुक्ला ने चेतावनी दी है कि अगर डॉ. सोनी को जल्द रिहा नहीं किया गया तो जिले के सभी डॉक्टर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। राज्य में इस घटना ने स्वास्थ्य व्यवस्था की निगरानी और दवा नियंत्रण प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने कहा है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और दवा की आपूर्ति श्रृंखला की पूरी जांच की जा रही है।

यह भी पढ़ें:

वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स में भारत का ऐतिहासिक मेडल रिकॉर्ड, नवदीप सिंह ने जमाया रंग!

उत्तर बंगाल में मूसलाधार बारिश से तबाही, अब तक 28 की मौत!

सोनम वांगचुक की गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट का केंद्र पर प्रहार, पत्नी को पूर्व सूचना क्यों नहीं दी गई? !

National Stock Exchange

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

The reCAPTCHA verification period has expired. Please reload the page.

Star Housing Finance Limited

हमें फॉलो करें

151,353फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
288,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें