अमेरिका द्वारा हाल ही में 66 अंतरराष्ट्रीय संगठनों से बाहर निकलने के कुछ ही दिनों बाद इज़राइल ने भी बड़ा कूटनीतिक फैसला लेते हुए संयुक्त राष्ट्र की सात एजेंसियों और संबद्ध निकायों से तत्काल रूप से हटने की घोषणा की है। इज़राइल के विदेश मंत्री गिदोन सा’अर ने इस कदम को इज़राइल-विरोधी पूर्वाग्रह और अप्रभावी व फूली हुई नौकरशाही के खिलाफ प्रतिक्रिया बताया है।
गिदोन सा’अर के अनुसार, यह फैसला अमेरिका की वापसी के बाद किए गए एक व्यापक आंतरिक मूल्यांकन का परिणाम है। उन्होंने कहा कि इज़राइल कई संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों के साथ तुरंत सभी तरह के संपर्क समाप्त करेगा, जबकि कुछ अन्य संस्थाओं के साथ संबंधों की पुनः समीक्षा की जा रही है। सा’अर ने स्पष्ट किया, “यह फैसला उन संगठनों की व्यापक जांच को दर्शाता है जो लगातार इज़राइल के खिलाफ काम करते हैं या प्रभावी ढंग से कार्य करने में विफल रहते हैं।” सा’अर ने इसी के साथ ही संकेत दिया कि आने वाले समय में और भी अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं से बाहर निकलने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
इज़राइल ने 2024 में आईडीएफ को ब्लैकलिस्ट किए जाने के बाद सेक्रेटरी जनरल ऑफ़ चिल्ड्रन के विशेष प्रतिनिधि कार्यालय से संबंध तोड़ लिए थे। कार्यालय द्वारा ब्लैकलिस्टिंग के कदम की निंदा करते हुए सा’अर ने इसे “बेशर्म” करार दिया था और कहा कि “इज़राइल एकमात्र लोकतांत्रिक देश है जिसे ISIS और बोको हराम जैसे संगठनों के साथ सूचीबद्ध किया गया।”
इसी तरह, जुलाई 2024 में इज़राइल ने UN Women के साथ सहयोग समाप्त कर दिया था। सरकार का आरोप था कि इस निकाय ने 7 अक्टूबर के हमलों के दौरान इज़राइली नागरिकों के खिलाफ हुई यौन हिंसा को स्वीकार करने में विफलता दिखाई। सा’अर ने बताया कि पिछले वर्ष संयुक्त राष्ट्र महासचिव को औपचारिक रूप से सूचित कर दिया गया था कि इस संस्था के साथ सभी प्रकार की भागीदारी समाप्त की जा रही है।
इसके अलावा, इज़राइल ने संयुक्त राष्ट्र व्यापार और विकास सम्मेलन (UNCTAD) तथा पश्चिम एशिया के लिए संयुक्त राष्ट्र आर्थिक और सामाजिक आयोग से भी हटने का फैसला किया है। विदेश मंत्री का दावा है कि इन दोनों संस्थाओं ने वर्षों से “तीव्र इज़राइल-विरोधी रिपोर्टें” तैयार की हैं, जिससे इज़राइल के लिए उनमें बने रहना असंभव हो गया।
आगे की रणनीति के तहत, इज़राइल संयुक्त राष्ट्र अलायंस ऑफ सिविलाइज़ेशंस (UN Alliance of Civilisations) से भी बाहर निकलने जा रहा है। सा’अर के अनुसार, यह मंच वर्षों से इज़राइल पर हमलों का मंच बना रहा है और इसमें इज़राइली भागीदारी को बाहर रखा गया। इसके अतिरिक्त, इज़राइल UN Energy और ग्लोबल फोरम ऑन माइग्रेशन एंड डेवलपमेंट से भी हटेगा, जहां अत्यधिक और अक्षम नौकरशाही को प्रमुख कारण बताया गया है।
इज़राइल का विदेश मंत्रालय अब सभी शेष अंतरराष्ट्रीय प्रतिबद्धताओं की व्यापक समीक्षा कर रहा है। यह प्रक्रिया अन्य सरकारी विभागों के समन्वय से की जा रही है और इसके आधार पर आने वाले महीनों में और कूटनीतिक संबंधों को समाप्त करने पर निर्णय लिया जाएगा।
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