हांगकांग के ताई पो जिले के वांग फुक कोर्ट हाउसिंग एस्टेट में लगी भीषण आग ने पूरे शहर को शोक में डुबो दिया है। रविवार(30 नवंबर) को अधिकारियों ने पुष्टि की कि मृतकों की संख्या बढ़कर 146 हो गई है। यह बीते 40 वर्षों में दुनिया की सबसे घातक आवासीय इमारत आग मानी जा रही है। पुलिस के डिज़ास्टर विक्टिम आइडेंटिफिकेशन यूनिट ने जांच का दायरा तीन और टावरों तक बढ़ाया, जहां से अतिरिक्त शव बरामद हुए। चीफ़ सुपरिंटेंडेंट सैंग शुक-यिन ने बताया, “शाम 4 बजे तक मृतकों का आंकड़ा 146 है। अभी और शव मिलने की आशंका है।”
घटना के बाद जगह-जगह शोक सभाएँ हो रही हैं। शनिवार और रविवार को बड़ी संख्या में लोग जली हुई इमारतों के बाहर इकट्ठे हुए। 39 वर्षीय रेस्तरां मालिक विंची चान अपनी बेटी के साथ स्थल पर पहुंचे। उन्होंने कहा, “आग लगने के बाद से मैं सो नहीं पाया हूं। हम पूरी तरह असहाय महसूस कर रहे हैं। सरकार को इसकी गहराई से और पारदर्शी जांच करनी चाहिए।”
चान ने यह भी कहा कि हांगकांग की महंगी रियल एस्टेट मार्केट में लोग अपनी पूरी ज़िंदगी की कमाई एक छोटे घर के लिए लगा देते हैं, और “यह आग कुछ घंटों में वर्षों की मेहनत को राख बना गई।”
कई कांसुलेट ने पुष्टि की है कि मृतकों में विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। कम से कम 7 इंडोनेशियाई नागरिक मारे गए, फिलीपींस का एक प्रवासी कर्मचारी भी मृतकों में है। कई घायलों की हालत गंभीर बनी हुई है और दर्जनों निवासी अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।
हांगकांग प्रशासन ने आग की वजह का पता लगाने के लिए बहु-एजेंसी जांच शुरू कर दी है। अब तक, एंटी-कॉरप्शन वॉचडॉग ने 11 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से 3 को पुलिस ने गैर-इरादतन हत्या (Manslaughter) के आरोप में हिरासत में लिया है।
हालांकि, स्थानीय निवासियों का कहना है कि जिम्मेदारी इससे कहीं आगे तक जानी चाहिए। निर्माण सुरक्षा, निरीक्षण और अनुमति प्रक्रियाओं पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। जांच लंबित रहने तक एहतियातन बिल्डिंग्स डिपार्टमेंट ने शहरभर में 30 निजी निर्माण स्थलों का काम रोक दिया है, ताकि किसी भी अन्य सुरक्षा उल्लंघन की जांच की जा सके।
हांगकांग जैसे घनी आबादी वाले शहर में यह आग न केवल सुरक्षा मानकों पर सवाल उठाती है, बल्कि आपातकालीन प्रबंधन क्षमता पर भी गहरी चिंता पैदा करती है। पीड़ित परिवार न्याय और पारदर्शी जांच की मांग पर अड़े हैं, जबकि अधिकारी अभी भी आग की उत्पत्ति और फैलने के कारणों की पुष्टि में लगे हुए हैं।
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