संभल जिले के असमोली थाना क्षेत्र के एक गांव में प्रशासन ने अवैध निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि गांव की कई एकड़ जमीन, जो मूल रूप से तालाब के लिए चिन्हित है, उस पर लंबे समय से अवैध निर्माण कर लिया गया था। इस भूमि पर स्थानीय लोगों द्वारा मदरसा और बरात घर संचालित किया जा रहा था।
प्रशासन ने जांच के बाद संबंधित पक्षों को नोटिस जारी कर 30 दिन के भीतर निर्माण हटाने का निर्देश दिया था। हालांकि, समय सीमा पूरी हो जाने के बावजूद निर्माण नहीं हटाया गया, जिसके बाद प्रशासन ने खुद कार्रवाई करने का निर्णय लिया।
कार्रवाई के दौरान किसी भी अप्रिय घटना की संभावना को देखते हुए इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। प्रशासन ने पूरे क्षेत्र को छावनी में बदल दिया है। स्थानीय लोगों को घरों से बाहर न निकलने की सख्त हिदायत दी गई है। स्थिति पर नियंत्रण बनाए रखने के लिए जिले के आला अधिकारी डीएम और एसपी खुद मौके पर मौजूद हैं और पूरी कार्रवाई की निगरानी कर रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता बनाने के लिए ड्रोन की मदद से भी क्षेत्र की निगरानी की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि यह कदम पूरी तरह से कानून और व्यवस्था बनाए रखने तथा अवैध कब्जों को समाप्त करने के उद्देश्य से उठाया गया है। अधिकारियों ने साफ किया कि चाहे कोई भी व्यक्ति या संस्था हो, तालाब की जमीन पर कब्जा या निर्माण किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इस कार्रवाई से गांव और आसपास के क्षेत्रों में हलचल मच गई है। कई लोग प्रशासनिक रुख की सराहना कर रहे हैं तो कुछ लोग विरोध भी जता रहे हैं। फिलहाल माहौल तनावपूर्ण है, लेकिन पुलिस-प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड में है और स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
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