ब्रिक्स समिट 2026 पर टिप्पणी करते हुए अखिलेश यादव ने कहा, “इस तरह के आयोजन हमें कई मोर्चों पर दूसरे देशों के साथ सहयोग करने का मौका देते हैं, लेकिन ‘विकसित भारत’ के सपने को पूरा करने के लिए राज्य सरकारों का भी योगदान और समर्थन जरूरी है। आप अपनी राज्य सरकार से सवाल नहीं पूछ सकते। अगर कोई आपसे सवाल पूछता है, तो आप उनके खिलाफ कार्रवाई करते हैं।
उन्होंने खेती-किसानी के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा, “आप ब्रिक्स का हिस्सा हैं। खेती-किसानी में आपने कितनी तरक्की की है? मैं आपसे पहला सवाल ‘रीजेनरेटिव एग्रीकल्चर’ के बारे में पूछता हूं। बताइए, आप किसानों को किस फसल का सही दाम दे रहे हैं? हम कन्नौज से आते हैं और आप आलू का भी सही दाम नहीं दिला पा रहे हैं। आप किस फसल का सही दाम दे रहे हैं? आप तो खाद भी उपलब्ध नहीं करा पा रहे हैं।”
गुंडा एक्ट के दुरुपयोग पर इलाहाबाद हाई कोर्ट की टिप्पणी को लेकर अखिलेश ने योगी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “जब तक ये मुख्यमंत्री और ये सरकार सत्ता में हैं, तब तक कानून का राज नहीं होगा। वे मनमानी कर रहे हैं और पुलिस को खुली छूट दे रहे हैं। अगर खुद हाईकोर्ट कह रहा है कि गुंडा एक्ट का इस तरह गलत इस्तेमाल हुआ है तो इससे पता चलता है कि सरकार कैसे काम कर रही है।”



