27 C
Mumbai
Saturday, January 24, 2026
होमदेश दुनियाईरानी नेतृत्व पर हमला हुआ तो मचेगी अराजकता : इराकी धर्मगुरु!

ईरानी नेतृत्व पर हमला हुआ तो मचेगी अराजकता : इराकी धर्मगुरु!

इराक के शीर्ष शिया धर्मगुरु अयातुल्ला अली सिस्तानी ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान के शीर्ष नेतृत्व को निशाना बनाया गया तो इससे व्यापक अराजकता फैल जाएगी और इससे युद्ध पूरे पश्चिम एशिया में फैल सकता है।

Google News Follow

Related

ईरान और इजरायल के बीच बीते छह दिन से संघर्ष जारी है। हर बीतते दिन के साथ दोनों पुराने दुश्मनों के बीच संघर्ष और तेज होता जा रहा है। इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को झटका देते हुए ईरान के सर्वोच्च नेता खामनेई ने आत्मसमर्पण से इनकार कर दिया है। वहीं ट्रंप ने भी एक बार फिर ईरान पर हमले की धमकी दी है।

इराक के शीर्ष शिया धर्मगुरु अयातुल्ला अली सिस्तानी ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान के शीर्ष नेतृत्व को निशाना बनाया गया तो इससे व्यापक अराजकता फैल जाएगी और इससे युद्ध पूरे पश्चिम एशिया में फैल सकता है। गौरतलब है कि इस्राइली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई को निशाना बनाने की बात कही थी।

इस्राइल के स्वास्थ्य मंत्री उरिएल बुसो ने कहा है कि सोरोका अस्पताल पर ईरान का मिसाइल अटैक आतंकी घटना और युद्ध अपराध है। इस्राइल का आरोप है कि ईरान ने जानबूझकर अस्पताल को निशाना बनाया।

इस्राइल के बीरशेबा इलाके में सोरोका अस्पताल पर ईरान ने मिसाइल हमला किया है। इस हमले में नुकसान की जानकारी अभी नहीं मिल पाई है। मध्य और दक्षिण इस्राइल में भी ईरानी मिसाइलों से काफी नुकसान हुआ है।
इस्राइली सेना ने कहा है कि उनकी वायुसेना ईरान की राजधानी तेहरान में हवाई हमले कर रही है। ईरानी मीडिया ने कहा है कि सेंट्रल तेहरान में एयर डिफेंस सिस्टम को एक्टिविट कर दिया गया है।

इस्राइली सेना ने ईरान के लोगों को अराक और खोनदाब शहरों को खाली करने का निर्देश दिया है। दरअसल अराक और खोनदाब शहरों में ईरान के हैवी वाटर परमाणु रिएक्टर हैं। ये हैवी वाटर परमाणु रिएक्टर्स को ठंडा करने में मदद करते हैं।

मध्य गाजा में इजरायल के हमले में 100 से अधिक लोगों के घायल होने की खबर है। अल-अक्सा शहीद अस्पताल और अल-अवदा अस्पताल से मिली जानकारी के मुताबिक 100 से अधिक फलस्तीनी लोग घायल हुए हैं। गाजा शहर के ज़ेइतून इलाके में इस्राइली सेना ने एक घर पर बमबारी की, जिससे बड़ी संख्या में फलस्तीनी हताहत हुए।

पश्चिम एशिया में ईरान के साथ जारी टकराव के साथ-साथ इजरायल और हमास का हिंसक संघर्ष भी जारी है। फलस्तीनी युवाओं के कुद्स न्यूज नेटवर्क और फिलिस्तीन सूचना केंद्र की रिपोर्ट के मुताबिक मध्य गाजा के नुसेरात में गाजा ब्रिज के पास इस्राइली सेना ने हमले किए। इस हमले में 16 फलस्तीनी मारे गए, जबकि दर्जनों घायल हुए हैं।

एक रिपोर्ट के मुताबिक लगभग 83 फीसदी यहूदी इस्राइली लोगों ने पश्चिम एशिया के एक अन्य देश ईरान के खिलाफ युद्ध का समर्थन कर रहे हैं। यहां तक कि एविगडोर लीबरमैन जैसे दक्षिणपंथी कट्टरपंथी नेता भी अब कह रहे हैं कि नेतन्याहू सही काम कर रहे हैं। लीबरमैन ने 2018 में सरकार की नीतियों से असंतुष्ट होकर अपना कैबिनेट पद छोड़ दिया था।

गाजा में युद्ध के कारण पिछले साल नेतन्याहू के मंत्रिमंडल से इस्तीफा देने वाले बेनी गैंट्ज ने भी कहा है कि ईरान के मामले में केवल सही या गलत का फैसला होना है, और इस्राइल सही है। बता दें कि पीएम नेतन्याहू ने बीते शुक्रवार यानी 13 जून को इस्राइली सेना को ईरान के परमाणु ठिकानों पर हमले का आदेश दिया।

इस बीच, इस्राइल के रक्षा मंत्री ने दावा किया है कि ताजा मिसाइल हमलों में तेहरान स्थित ईरान के आंतरिक सुरक्षा मुख्यालय और रेड क्रिसेंट को नष्ट कर दिया गया है।

इजरायल और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच बुधवार को भारत के रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह को इस्राइली रक्षा मंत्रालय के महानिदेशक मेजर जनरल (रिटा.) आमिर बारम का फोन आया। इस बातचीत में मौजूदा हालात को लेकर जानकारी साझा की गई।

भारतीय रक्षा मंत्रालय ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर बताया कि रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह को आज इस्राइली रक्षा मंत्रालय के महानिदेशक मेजर जनरल (रि.) आमिर बारम का फोन आया। उन्होंने वर्तमान स्थिति की जानकारी दी।
यह भी पढ़ें-

विजय सिन्हा बोले- तेजस्वी पहले लालू की मानसिक स्थिति देखें!

National Stock Exchange

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

The reCAPTCHA verification period has expired. Please reload the page.

Star Housing Finance Limited

हमें फॉलो करें

151,359फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
288,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें