भारत ने यमन में ईरान के सपोर्ट वाले हूथी ग्रुप द्वारा सऊदी की राजधानी रियाद के दो एयरपोर्ट पर किए गए हमलों की कड़ी निंदा की है। इन हमलों में आम लोगों की मौत हुई है और कई दूसरे घायल हुए हैं। भारत के विदेश मंत्रालय ने साफ किया है कि आम लोगों के इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाना पूरी तरह से मंज़ूर नहीं है। गुरुवार को जारी एक बयान में, विदेश मंत्रालय ने रियाद के आभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट और किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमलों की निंदा की। मंत्रालय ने कहा कि इन हमलों में आम लोग मारे गए और घायल हुए हैं।
भारत पिछले कुछ दिनों में रियाद के आभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट और किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट को निशाना बनाकर किए गए हमलों की निंदा करता है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि इन हमलों में आम लोगों की मौत हुई है और कई दूसरे घायल हुए हैं।
भारत ने मरने वालों के परिवारों के प्रति अपनी संवेदना जताते हुए कहा है कि आम लोगों के इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाना पूरी तरह से मंज़ूर नहीं है। भारत ने सऊदी अरब के लोगों और सरकार के साथ अपनी एकजुटता भी दिखाई, और घायलों के जल्द ठीक होने की कामना की।
दो दिन में 3 की मौत, 36 घायल
सऊदी अधिकारियों के मुताबिक, 6 और 7 अक्टूबर को इन दोनों एयरपोर्ट पर हुए हमलों में कुल तीन लोग मारे गए और 36 घायल हुए। जनरल अथॉरिटी ऑफ़ सिविल एविएशन (GACA) के मुताबिक बुधवार को, आभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में दो लोग मारे गए और 28 घायल हुए। उसके बाद, रियाद में किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए एक अलग हमले में एक व्यक्ति मारा गया और आठ घायल हुए। हालांकि, GACA ने इस बारे में साफ जानकारी नहीं दी कि किस दिन किस एयरपोर्ट को निशाना बनाया गया।
मरने वालों में मोरक्को और अल्जीरिया के नागरिक शामिल
GACA के मुताबिक, आभा एयरपोर्ट पर हुए हमले में मरने वालों में दो महिलाएं भी शामिल हैं, जो मोरक्को और अल्जीरिया की नागरिक हैं। इन हमलों की जिम्मेदारी हूती ग्रुप ने ली है। हालांकि, सऊदी अरब की सिविल एविएशन अथॉरिटी ने इन हमलों के लिए जिम्मेदार लोगों या संस्थाओं की पहचान अलग से नहीं बताई है।



