29.2 C
Mumbai
Tuesday, July 14, 2026
होमदेश दुनियाकर्नाटक में बनेगा भारत का पहला सरकारी एआई विश्वविद्यालय, शिवकुमार का ऐलान!

कर्नाटक में बनेगा भारत का पहला सरकारी एआई विश्वविद्यालय, शिवकुमार का ऐलान!

इस अवसर पर उन्होंने एआई हब स्थापित करने की भी घोषणा की, जो अनुसंधान एवं विकास (आरएंडडी) के लिए एक इनक्यूबेशन सेंटर के रूप में कार्य करेगा।

Google News Follow

Related

कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने मंगलवार को भारत का पहला सरकारी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) विश्वविद्यालय स्थापित करने की घोषणा की। इसके साथ ही उन्होंने राज्य को जिम्मेदार एआई नवाचार का वैश्विक केंद्र बनाने की दिशा में बड़ा कदम बताया।

बेंगलुरु इंटरनेशनल एग्जीबिशन सेंटर (बीआईईसी) में आयोजित गूगल आईओ कनेक्ट इंडिया 2026 के उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रस्तावित एआई विश्वविद्यालय विश्वस्तरीय एआई प्रतिभाओं को तैयार करने, उन्नत शोध को बढ़ावा देने और शिक्षा, उद्योग तथा सरकार के बीच सहयोग मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

इस अवसर पर उन्होंने एआई हब स्थापित करने की भी घोषणा की, जो अनुसंधान एवं विकास (आरएंडडी) के लिए एक इनक्यूबेशन सेंटर के रूप में कार्य करेगा। यह हब स्टार्टअप्स, कंपनियों, शैक्षणिक संस्थानों और नवाचारकर्ताओं को एक मंच पर लाकर एआई आधारित समाधानों के विकास को गति देगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस मौजूदा दौर की सबसे बड़ी तकनीकी क्रांति है, जिसकी तुलना भाप इंजन, बिजली, इंटरनेट और मोबाइल तकनीक जैसी ऐतिहासिक तकनीकी क्रांतियों से की जा सकती है।

उन्होंने कहा, “कर्नाटक का लक्ष्य दुनिया के अग्रणी जिम्मेदार एआई केंद्रों में शामिल होना है। बेंगलुरु केवल भारत की टेक राजधानी नहीं, बल्कि दुनिया के सबसे जीवंत नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र (इनोवेशन इकोसिस्टम) में से एक है।”

शिवकुमार ने बताया कि कर्नाटक भारत के कुल सॉफ्टवेयर निर्यात में लगभग 40 प्रतिशत योगदान देता है। वहीं, बेंगलुरु में 17,000 से अधिक स्टार्टअप्स और हजारों ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स वैश्विक बाजार के लिए तकनीकी उत्पाद विकसित कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य कर्नाटक को एआई-नेटिव राज्य बनाना है, जहां शासन और सार्वजनिक सेवाओं में एआई का व्यापक उपयोग हो। उनके अनुसार एआई के जरिए शिक्षकों को बेहतर शिक्षण, डॉक्टरों को रोगों की शीघ्र पहचान, किसानों को बेहतर सलाह, नागरिकों को तेज और प्रभावी सरकारी सेवाएं तथा छोटे कारोबारियों को प्रतिस्पर्धा में मजबूती मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने एआई विकास के लिए डेटा सेंटर, हाइपरस्केल कंप्यूटिंग सुविधाओं और शोध पारिस्थितिकी तंत्र का विस्तार करने पर भी जोर दिया।

उन्होंने गूगल की सराहना करते हुए कहा कि कंपनी ने बेंगलुरु को अपने प्रमुख वैश्विक इंजीनियरिंग, अनुसंधान और नवाचार केंद्रों में शामिल किया है। उन्होंने गूगल से शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और सुशासन के लिए एआई समाधान विकसित करने, स्टार्टअप्स को सहयोग देने और छात्रों के लिए सीखने के अवसर बढ़ाने में कर्नाटक के साथ साझेदारी और मजबूत करने का आह्वान किया।

अपने संबोधन के अंत में मुख्यमंत्री ने डेवलपर्स, उद्यमियों, शोधकर्ताओं और छात्रों से नवाचार को आगे बढ़ाने और आजीवन सीखने की संस्कृति अपनाने की अपील करते हुए कहा कि कर्नाटक तकनीक के भविष्य को आकार देने के साथ यह भी सुनिश्चित करेगा कि एआई नवाचारी, समावेशी और भरोसेमंद बना रहे।

 
यह भी पढ़ें-

स्वच्छ ईंधन दौड़ में भारत समेत कई देश अपना चुके हैं ई20!

National Stock Exchange

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Star Housing Finance Limited

हमें फॉलो करें

151,074फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
320,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें