राम मंदिर चंदा चोरी मामले को लेकर अखिलेश यादव की टिप्पणियों पर राजभर ने कहा कि अखिलेश यादव कभी राम मंदिर नहीं गए। मंदिर से जुड़े जिस प्रकरण की बात सामने आई, उसमें ट्रस्ट ने स्वयं सरकार से जांच कराने का आग्रह किया था। इसके बाद सरकार ने एसआईटी का गठन किया और जांच लगातार जारी है। उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे संबंधित लोगों की धरपकड़ भी हो रही है।
अखिलेश यादव द्वारा प्रयागराज में दिए गए उस बयान पर, जिसमें उन्होंने कहा था कि इटावा में केदारेश्वर शिव मंदिर का निर्माण पूरा होने के बाद ही वे अयोध्या जाकर प्रभु श्रीराम के दर्शन करेंगे, राजभर ने जुबानी हमला किया।
बीएसपी प्रमुख मायावती द्वारा राम मंदिर चंदा विवाद का राजनीतिकरण नहीं करने की अपील का समर्थन करते हुए राजभर ने कहा कि मायावती ने बिल्कुल सही बात कही है। उन्होंने कहा कि किसी भी घटना पर राजनीति करने के बजाय उससे सीख लेकर भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए व्यवस्था बनाई जानी चाहिए।
राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय द्वारा स्वयं को निर्दोष बताए जाने के सवाल पर राजभर ने कहा कि अभी एसआईटी जांच कर रही है। जांच पूरी होने और अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही किसी को दोषी या निर्दोष कहा जा सकता है। जांच में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई निश्चित रूप से होगी।
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर असदुद्दीन ओवैसी के बयान पर राजभर ने कहा कि ओवैसी सही बात कह रहे हैं। उन्होंने कहा कि वर्षों तक मुस्लिम मतदाताओं ने समाजवादी पार्टी को समर्थन देकर कई बार सरकार बनवाई, लेकिन अब मुस्लिम समाज को भी नेतृत्व का अवसर मिलना चाहिए। एक बार किसी मुस्लिम चेहरे को मुख्यमंत्री बनाने की घोषणा भी होनी चाहिए।
राम मंदिर विवाद और पुलिस एनकाउंटर को लेकर असदुद्दीन ओवैसी के आरोपों पर राजभर ने कहा कि उनके आरोप पूरी तरह गलत हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अब तक जितने भी एनकाउंटर हुए हैं, वे अपराधियों और आतंकवादी गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ हुए हैं।
श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुद्दे पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा अखिलेश यादव को मथुरा चलने की सलाह का समर्थन करते हुए राजभर ने कहा कि मुख्यमंत्री बिल्कुल सही कह रहे हैं।
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