उत्तर प्रदेश में 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र की महिलाओं को रोडवेज बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा देने वाली ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना’ का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को लखनऊ में शुभारंभ किया। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने योजना को बुजुर्ग महिलाओं के सम्मान, सुविधा और आत्मनिर्भरता से जोड़ते हुए कहा कि अब उम्र उनकी आवाजाही में आर्थिक बाधा नहीं बनेगी।
योजना के तहत उत्तर प्रदेश की पात्र महिला निवासी परिवहन निगम की बसों में प्रदेश के भीतर निशुल्क यात्रा कर सकेंगी। सरकार के अनुमान के मुताबिक प्रतिदिन करीब 88,438 महिला यात्रियों को इसका लाभ मिल सकता है। योजना को लागू करने के लिए परिवहन निगम की ओर से विशेष स्मार्ट कार्ड जारी किए जाएंगे। इससे सरकार पर हर महीने करीब 22.55 करोड़ रुपये का अतिरिक्त वित्तीय भार आने का अनुमान है।
रक्षाबंधन के अवसर पर 27, 28 और 29 अगस्त को प्रदेश की सभी महिलाओं को एक सहयात्री के साथ निशुल्क बस यात्रा की सुविधा भी दी जाएगी। इसके बाद 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र की पात्र महिलाओं के लिए स्थायी रूप से मुफ्त यात्रा की सुविधा लागू होगी।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि 2017 से पहले प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और कल्याण के लिए प्रभावी व्यवस्था नहीं थी। उन्होंने कहा कि उस समय महिला सुरक्षा को लेकर भय का माहौल था, जबकि वर्तमान सरकार ने मिशन शक्ति, 1090, 112, सेफ सिटी नेटवर्क और तकनीक आधारित सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया है।
मुख्यमंत्री ने महिला पुलिसकर्मियों की संख्या बढ़ने, पेंशन और प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण सहित विभिन्न योजनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कन्या सुमंगला योजना, सामूहिक विवाह, उज्ज्वला योजना, शौचालय और नल से जल जैसी योजनाओं को महिलाओं के जीवन को आसान बनाने वाला बताया।
सीएम योगी ने कहा कि सरकार का लक्ष्य ऐसा उत्तर प्रदेश बनाना है, जहां बेटियां सुरक्षित होकर शिक्षा, रोजगार और कारोबार के क्षेत्र में आगे बढ़ सकें और महिलाएं आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनें।



