30 C
Mumbai
Wednesday, July 17, 2024
होमब्लॉग"पाकिस्तान भीख मांग रहा", मोदी की तारीफ कर भड़के नवाज शरीफ

“पाकिस्तान भीख मांग रहा”, मोदी की तारीफ कर भड़के नवाज शरीफ

नवाज शरीफ ने की PM मोदी की तारीफ, कहा- पाकिस्तान फंड के लिए भीख मांग रहा है जबकि भारत चंद्रमा पर पहुंच गया है.

Google News Follow

Related

 प्रशांत कारुलकर

एक दुर्लभ घटना में, पूर्व पाकिस्तानी प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रशंसा की है, साथ ही पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था की वर्तमान स्थिति की भी आलोचना की है।  अपनी पार्टी, पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) को एक आभासी संबोधन में, शरीफ ने कहा कि पाकिस्तान वर्तमान में दुनिया से “पैसे की भीख” मांग रहा है, जबकि भारत “चांद पर पहुंच गया है” और जी 20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी की है।

शरीफ की टिप्पणी ऐसे समय आई है जब पाकिस्तान गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहा है।  देश की मुद्रास्फीति दर रिकॉर्ड ऊंचाई पर है, और इसका विदेशी मुद्रा भंडार खतरनाक स्तर तक घट गया है।  पाकिस्तान को बेलआउट के लिए अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) की ओर रुख करने के लिए मजबूर होना पड़ा है, लेकिन आईएमएफ ने देश पर कड़ी शर्तें लगा दी हैं, जिससे पाकिस्तानी लोगों के लिए आर्थिक कठिनाई बढ़ गई है।

अपने भाषण में, शरीफ ने पाकिस्तान की आर्थिक समस्याओं की तुलना भारत की हालिया सफलताओं से की।  उन्होंने कहा कि भारत हाल के वर्षों में तेजी से विकास कर रहा है और यह वैश्विक अर्थव्यवस्था में एक प्रमुख खिलाड़ी बन गया है।  उन्होंने मोदी के नेतृत्व की भी प्रशंसा की और कहा कि वह “भारतीय लोगों को एकजुट करने” और “भारत को एक गौरवान्वित राष्ट्र बनाने” में सक्षम हैं।

शरीफ की टिप्पणियाँ कई मायनों में महत्वपूर्ण हैं।  सबसे पहले, वे दिखाते हैं कि कुछ पाकिस्तानी नेता भी अब भारत की आर्थिक और भूराजनीतिक श्रेष्ठता को स्वीकार कर रहे हैं।  यह रवैये में एक महत्वपूर्ण बदलाव है, क्योंकि पाकिस्तान परंपरागत रूप से यह स्वीकार करने में अनिच्छुक रहा है कि भारत उसकी तुलना में अधिक सफल है।

दूसरा, शरीफ की टिप्पणियों से पता चलता है कि वह वर्तमान पाकिस्तानी सरकार के प्रति अधिकाधिक आलोचक होते जा रहे हैं।  यह आश्चर्य की बात नहीं है, क्योंकि शरीफ 2017 से निर्वासन में हैं, और वह अपने खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों के कारण पाकिस्तान लौटने में असमर्थ हैं।  शरीफ लंबे समय से इमरान खान के प्रतिद्वंद्वी रहे हैं और संभावना है कि वह सत्ता में लौटने और खान को हटाने के लिए उत्सुक होंगे।

तीसरा, शरीफ की टिप्पणियों का भारत-पाकिस्तान संबंधों पर प्रभाव पड़ सकता है।  यदि शरीफ पाकिस्तान में सत्ता में लौटते हैं, तो वह भारत के साथ संबंध सुधारने के लिए अधिक खुले हो सकते हैं।  शरीफ का भारत के साथ संबंधों का इतिहास रहा है और वह पहले भी भारत का दौरा कर चुके हैं।  हालाँकि, यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि शरीफ अभी भी एक पाकिस्तानी राष्ट्रवादी हैं, और उनके कश्मीर जैसे पाकिस्तान के मूल हितों पर कोई रियायत देने की संभावना नहीं है।

कुल मिलाकर, शरीफ की टिप्पणी भारत-पाकिस्तान संबंधों के लिए एक सकारात्मक संकेत है।  वे दिखाते हैं कि पाकिस्तान में भारत की आर्थिक और भूराजनीतिक श्रेष्ठता को कुछ मान्यता है, और उनका सुझाव है कि अगर शरीफ सत्ता में लौटते हैं तो भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने के लिए अधिक खुले हो सकते हैं।  हालाँकि, भारत-पाकिस्तान संबंधों को सुधारने की चुनौतियों के बारे में यथार्थवादी होना महत्वपूर्ण है।  दोनों देशों में संघर्ष का एक लंबा इतिहास है और उनके बीच कई अनसुलझे मुद्दे हैं।  इसके अतिरिक्त, वर्तमान पाकिस्तानी सरकार का नेतृत्व इमरान खान कर रहे हैं, जो अपनी भारत विरोधी बयानबाजी के लिए जाने जाते हैं।

ये भी पढ़ें 

 

 

नया संसद भवन: नए भारत के लिए आशा और प्रेरणा का प्रतीक

विदेश जाने के बजाय आनंद विहार रेलवे पर राहुल गांधी का “राजनीति सैर”  

महिला आरक्षण बिल राज्यसभा में भी पास  

विशेष सत्र का एजेंडा बताना जरुरी है या नहीं? जाने सबकुछ

लेखक से अधिक

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

The reCAPTCHA verification period has expired. Please reload the page.

हमें फॉलो करें

98,505फैंसलाइक करें
526फॉलोवरफॉलो करें
164,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

अन्य लेटेस्ट खबरें