प्रवीण सक्सेना ने भागीरथपुरा घटना को ‘प्रायोजित हत्याएं’ करार दिया। उन्होंने भाजपा सरकार की आपराधिक लापरवाही और प्रशासनिक विफलता को जिम्मेदार ठहराते हुए आरोप लगाया कि जहरीले पानी के कारण बीस लोगों की मौत हो गई और एक हजार से अधिक नागरिक बीमार पड़ गए।
विरोध में मध्य प्रदेश कांग्रेस 11 जनवरी को सुबह 11 बजे राज्य स्तरीय न्याय यात्रा का आयोजन करेगी। सक्सेना ने बताया कि यह यात्रा बड़ा गणपति मंदिर से शुरू होकर इंदौर में मां अहिल्याबाई होलकर की प्रतिमा के पास राजवाड़ा चौक तक जाएगी। उन्होंने आगे कहा कि वरिष्ठ नेता, निर्वाचित प्रतिनिधि, पदाधिकारी, पार्टी कार्यकर्ता और कई आम नागरिक विरोध प्रदर्शन में शामिल होंगे।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि उनकी मुख्य मांगों में इंदौर के महापौर को तत्काल हटाना, प्रेस में असंवेदनशील बयान देने के लिए मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का इस्तीफा और मृतकों के परिवारों को 2 लाख रुपए के बजाय 1 करोड़ रुपए का मुआवजा देना शामिल है।
सत्ताधारी भाजपा सरकार और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर निशाना साधते हुए पीसी शर्मा ने कहा कि शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल से मध्य प्रदेश पर पहले से ही 4 लाख करोड़ रुपए का कर्ज है।
कांग्रेस इस कानून का विरोध करती है और मोदी सरकार से इसे तत्काल वापस लेने की मांग करती है। वह मनरेगा बचाओ अभियान को हर पंचायत से लेकर सड़कों तक तेज करेगी।
ओवैसी के बयान पर बोलीं शायना एनसी, ‘प्रधानमंत्री की कुर्सी खाली नहीं है’!



