दक्षिणी लेबनान के टायर शहर के तीन क्षेत्रों को निशाना बनाकर किए गए इजरायली हमलों में एक राहतकर्मी और एक सीरियाई नागरिक सहित कम से कम 11 लोगों की मौत हो गई है। इन हमलों में एक अन्य राहतकर्मी समेत आठ लोग घायल भी हुए हैं। लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने इन हमलों को “मानवीय कानून का खुला उल्लंघन” बताया है। युद्धविराम लागू होने के बावजूद दोनों देशों के बीच गोलीबारी लगातार जारी है।
यह घटना उस समय हुई जब इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि उनकी सेना लेबनान के भीतर और अधिक गहराई तक पहुंच चुकी है। इजरायल और ईरान समर्थित हिज़्बुल्लाह के बीच संघर्ष रोकने के लिए 17 अप्रैल को युद्धविराम लागू होने की उम्मीद थी, लेकिन इसका कभी पूर्ण रूप से पालन नहीं हो सका।
इसी बीच, वॉशिंगटन में दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल सुरक्षा वार्ता में शामिल थे। वहीं, ईरान समर्थित हिजबुल्लाह ने शुक्रवार को लेबनान सीमा के निकट उत्तरी इजरायल में कई सैन्य ठिकानों पर हमलों की जिम्मेदारी ली। संगठन ने लगातार जारी बयानों में कहा कि उसने ड्रोन की मदद से उत्तरी इजरायल के एक शहर के पास सैनिकों के जमावड़े को निशाना बनाया। इसके अलावा, गलील क्षेत्र में स्थित एक सैन्य शिविर और एक बैरक में मौजूद सैनिकों पर भी हमले किए गए।
ये घटनाएं ऐसे समय में हुई हैं जब इजरायली और लेबनानी अधिकारियों के बीच बैठकें जारी हैं। अमेरिका ने इन वार्ताओं को “फलदायी” बताया है। एल्ब्रिज कोल्बी, जो पेंटागन के दूसरे सबसे वरिष्ठ अधिकारी हैं, ने एक्स पर लिखा कि उन्होंने इजरायल और लेबनान के सैन्य प्रतिनिधिमंडलों की मेजबानी की, ताकि दोनों देशों के बीच जारी शांति वार्ता को समर्थन दिया जा सके।
कोल्बी ने कहा कि सुरक्षा संबंधी बैठकों में सैन्य अधिकारियों के साथ रचनात्मक चर्चा हुई है। उनके अनुसार, इन चर्चाओं के आधार पर अगले सप्ताह विदेश मंत्रालय के नेतृत्व में आगे की राजनीतिक प्रक्रिया को दिशा मिलेगी।
यह भी पढ़ें:
मां और शिशु दोनों के लिए खतरनाक ‘गर्मी का तनाव’, ऐसे करें ‘हीट स्ट्रेस’ से बचाव
एसी ऑन करने से पहले आजमाएं ये छोटी की ट्रिक, कमरा तेजी से होगा ठंडा, बिजली की भी होगी बचत
