छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में बिटकॉइन निवेश के नाम पर लाखों रुपये की साइबर ठगी का मामला सामने आया है। सिटी कोतवाली पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त कार्रवाई में एक आरोपी को राजस्थान के सीकर जिले से गिरफ्तार किया गया है। आरोपी ने टेलीग्राम के जरिए पीड़ित को झांसे में लेकर 12,43,250 रुपये की ठगी की थी।
पुलिस के अनुसार, पंचशील नगर निवासी भानु प्रसाद भारद्वाज ने शिकायत दर्ज कराई थी कि 16 अप्रैल 2022 को टेलीग्राम के माध्यम से एक अज्ञात व्यक्ति ने उनसे संपर्क किया। आरोपी ने बिटकॉइन खरीदकर एक कंपनी में निवेश करने पर अधिक मुनाफा देने का लालच दिया। अलग-अलग टेलीग्राम आईडी बनाकर आरोपी ने पीड़ित का भरोसा जीता और उसे निवेश के लिए प्रेरित किया।
झांसे में आकर पीड़ित ने बिटकॉइन खरीदा और आरोपी द्वारा भेजे गए फर्जी ईमेल लिंक के माध्यम से नेट बैंकिंग के जरिए कुल 12,43,250 रुपये निवेश कर दिए। कुछ समय बाद जब पीड़ित ने अपनी रकम वापस मांगी, तो आरोपी टालमटोल करने लगा और अंततः पैसे लौटाने से इनकार कर दिया। इसके बाद पीड़ित को अपने साथ हुई ठगी का अहसास हुआ।
इस मामले में सिटी कोतवाली थाना में अपराध क्रमांक 843/2022 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 406, 34 और आईटी एक्ट की धारा 66-डी के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पुलिस अधीक्षक भावना गुप्ता के निर्देशन में गठित टीम ने तकनीकी विश्लेषण के आधार पर टेलीग्राम अकाउंट्स, फर्जी ईमेल लिंक और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की गहन जांच की। जांच के दौरान आरोपी की पहचान राजस्थान के सीकर जिले के खाटू श्याम सदर क्षेत्र के चारनवास नाडा निवासी सुभाष चंद्र धायल (31 वर्ष) के रूप में हुई।
पुलिस टीम ने आरोपी को सीकर से हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने टेलीग्राम के जरिए बिटकॉइन निवेश का झांसा देकर ठगी करना स्वीकार कर लिया। फिलहाल आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया जारी है।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया या मैसेजिंग ऐप्स के जरिए मिलने वाले निवेश प्रस्तावों से सतर्क रहें और किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने या पैसे ट्रांसफर करने से पहले पूरी तरह जांच-पड़ताल करें। साइबर ठगी के बढ़ते मामलों को देखते हुए जागरूकता ही सबसे बड़ा बचाव बताया जा रहा है।
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