वैश्विक बाजारों में मजबूती के संकेतों के बीच सोमवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत तेजी के साथ हुई। सेंसेक्स 343.77 अंकों (0.45 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 77,257.27 पर, जबकि निफ्टी 66 अंकों (0.28 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 24,663.55 पर कारोबार कर रहा था। शुरुआती कारोबार में रियल्टी और आईटी शेयरों में खरीदारी का रुझान देखने को मिला। सूचकांकों में निफ्टी रियल्टी और निफ्टी आईटी टॉप गेनर्स रहे। निफ्टी ऑटो, निफ्टी एफएमसीजी, निफ्टी मेटल, निफ्टी इंडिया डिफेंस, निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और निफ्टी फार्मा समेत लगभग सभी सेक्टर हरे निशान में रहे।
सेंसेक्स पैक में मारुति सुजुकी, अदाणी पोर्ट्स, एचयूएल, एलएंडटी, एमएंडएम, इंडिगो, पावर ग्रिड, एनटीपीसी, एसबीआई, एचडीएफसी बैंक, बजाज फाइनेंस, टाटा स्टील, एशियन पेंट्स, आईसीआईसीआई बैंक, अल्ट्राटेक सीमेंट, ट्रेंट, बजाज फिनसर्व, इन्फोसिस, सन फार्मा, टाइटन और टेक महिंद्रा बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे। वहीं, कोटक महिंद्रा बैंक, टीसीएस, इटरनल, एचसीएल टेक, आईटीसी, बीईएल और भारती एयरटेल में गिरावट देखी गई। लार्जकैप के साथ-साथ मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी तेजी बनी रही। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 442 अंकों (0.74 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 60,226 पर और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 128 अंकों (0.72 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 18,136 पर पहुंच गया।
वैश्विक बाजारों में भी सकारात्मक रुख देखने को मिला। हांगकांग, सोल और जकार्ता के बाजार हरे निशान में रहे, जबकि जापान और शंघाई के बाजार राष्ट्रीय अवकाश के कारण बंद थे। अमेरिकी शेयर बाजार शुक्रवार को मिश्रित रुख के साथ बंद हुए थे।
भारतीय बाजार में इस तेजी के पीछे एक प्रमुख कारण अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ की घोषणा को माना जा रहा है। इस पहल के तहत हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में फंसे जहाजों को बाहर निकालने की योजना है। इसके लिए अमेरिका ने कई देशों से सहयोग मांगा है। ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर कहा कि फंसे हुए जहाज और उनके चालक दल निर्दोष हैं और परिस्थितियों के कारण मुश्किल में हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि अमेरिका इन जहाजों को सुरक्षित मार्गदर्शन देगा। साथ ही, उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ईरान की ओर से कोई खतरा पैदा किया गया तो उसका कड़ा जवाब दिया जाएगा।
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